संवाद न्यूज एजेंसी, सहपऊ।
सहपऊ नगर पंचायत की सीमा में विस्तार की खबर मिलते ही लोगों में इससे होने वाले लाभ और हानि पर चर्चा शुरू हो गई है। सीमा विस्तार होने से जहां स्थानीय लोगों में खुशी का माहौल है तो वहीं, राजनीतिक लोगों में मायूसी छायी हुई है। प्रधान एवं चेयरमैन पद के दावेदारों का गणित बिगड़ गया है।
नगर पंचायत में केवल ग्राम पंचायत सहपऊ देहात के अंतर्गत आने वाले नगला मेवा, तकिया, नगला बादाम एवं नगला सुखराम चार गांव शामिल हैं। इन गांवों के नगर पंचायत में शामिल होने से राजनीतिक समीकरण बदल गए है। इन चारों गांवों में 80 प्रतिशत अनुसूचित जाति निवास करती है।
कस्बा में पहले लगभग अनुसूचित जाति के मतदाताओं की संख्या लगभग 1071 हैं। इन गांवों में अनुसूचित जाति के मतदाताओं की संख्या 1280 हैं। यदि दोनों को मिला दिया जाए तो उनकी कुल संख्या 2351 हो जाती है। कस्बा में पिछड़ी जाति के मतदाताओं की संख्या लगभग 1700 से है। इन गांवों 350 पिछड़ी जाति के मतदाता निवास करते हैं।
नगर में सामान्य जाति के 3528 मतदाता रहते हैं और इन गांवों में 80 सामान्य जाति के मतदाता हैं। इस प्रकार सामान्य मतदाताओं की कुल संख्या 3608 होती है। इन आंकड़ों पर निगाह डालने पर अनुसूचित जाति के का प्रभाव बढ़ता दिखाई पड़ रहा है।
इधर, नगर पंचायत में शामिल हो रहे गांव के लोगों में काफी खुशी है। उनका कहना है कि अब उनको नगरीय सुविधाएं मिलनी शुरू हो जाएगी। गांव में साफ-सफाई ठीक से होगी। अधिक विकास कार्य होंगे।
- नगर पंचायत में ग्राम पंचायत सहपऊ देहात शामिल होने पर नगर पंचायत में विकास के लिए अधिक धनराशि आएगी और नगर पंचायत की खुद की भी आमदनी बढ़ जाएगी। हालांकि, राजनीतिक दृष्टि से नगर का हानि होती दिखाई दे रही है। - लोचन सिंह, पूर्व सभासद, नगर पंचायत सहपऊ
- नगर पंचायत में शामिल होने पर हमें काफी खुशी हो रही है। अब गांवों में नगर की तरह से विकास हो सकेगा। -योगेश ओझा, एडवोकेट, नगला सुखराम
- अब हमारे गांव में साफ-सफाई ठीक से होगी। नगर में मिलने वाली अन्य सुविधाएं भी हमें मिलेंगी। नगर पंचायत में शामिल होने की हमें खुशी है। - मानवेंद्र, नगला बादाम
- नगर पंचायत में शामिल होने पर पीने के पानी आदि की व्यवस्था दुरुस्त हो जाएगी। गांव में हो रही गंदगी भी दूर हो जाएगी। - चीपू, नगला मेवा
- काफी प्रयास करने के बाद हमने सहपऊ देहात ग्राम पंचायत को नगर पंचायत में शामिल करवा लिया है। इससे नगर पंचायत की जनसंख्या के साथ क्षेत्र बढ़ जाएगा और नगर पंचायत के राजस्व में भी बढ़ोत्तरी हो जाएगी। इसके साथ सरकार से भी पूरे नगर में विकास कार्य कराने के लिए अधिक धनराशि में भी बढ़ोत्तरी होगी जिससे अधिक विकास कार्य हो सकेंगे। - विपन वशिष्ठ, चेयरमैन
- नगर पंचायत की सीमा विस्तार होने से सरकारी जमीन की समस्या का समाधान हो जाएगा और सरकार से आने सरकारी योजनाओं को हम मूर्तिरूप दे पाएंगे। चेयरमैन एवं सभासदों के मध्य रोज-रोज का नगर पंचायत से बाहर हो रहा है काम वाला विवाद भी हल हो जाएगा। लिंक रोड बनवाने में भी मदद मिलेगी और सरकार द्वारा विकास के लिए अधिक धनराशि आवंटन होगी जिससे अधिक विकास कार्य होंगे। - नरेश सिंह, ईओ सहपऊ