न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सादाबाद-हाथरस।
देहात क्षेत्र की प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सेवा पूरी तरह से भगवान भरोसे है। क्षेत्र के ऊंचा गांव स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर स्वास्थ्य सेवाएं तो चौकीदार के भरोसे है। यहां पर सिर्फ एक चिकित्सक और स्वीपर सह चौकीदार की तैनाती है। यहां तैनात चिकित्सक की ड्यूटी अक्सर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सादाबाद पर लगा दी जाती है। उनकी अनुपस्थिति में दवाएं देने की जिम्मेदारी भी चौकीदार ही संभालता है।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर चौकीदार स्वास्थ्य सेवाओं को संभालता है। इस लापरवाही पर स्वास्थ्य विभाग का जरा भी ध्यान नहीं है। जबकि यह लापरवाही किसी भी मरीज के स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकती है। टीटी, रेबीज इंजेक्शन के लिए लोगों को सादाबाद भेज दिया जाता है। दवाओं की उपलब्धता तो सही रहती है लेकिन उन्हें लिखने वाला और देने वाला नदारद रहते हैं।
इस संबंध में पीएचसी प्रभारी सुमित चौहान ने बताया कि यहां तैनात फार्मासिस्ट का स्थानांतरण करीब डेढ़ माह पहले हो गया है। जबकि एक अन्य स्वास्थ्य कर्मी की ड्यूटी केवल दो दिन के लिए रहती है। उनकी ड्यूटी भी सादाबाद लगा दी जाती है। ऐसी स्थिति में लोगों को असुविधा होती है।
- प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर दवाएं तो उपलब्ध रहती हैं लेकिन अक्सर डॉक्टर मौजूद नहीं रहते। इसलिए निजी चिकित्सकों के यहां जाकर दवा लेनी पड़ती है। - विजय सिंह
- पीएचसी में पहले कई स्टाफ थे। अब काफी दिनों से हॉस्पिटल खाली रहता है। चौकीदार ही लोगों को दवाई दे देता है। अक्सर लोग दवा लेने सादाबाद जाते हैं। - लखपति सिंह
- मैं यहां चौकीदार के पद पर तैनात हूं। डॉक्टर साहब ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सादाबाद पर रात्रि ड्यूटी की थी इसलिए आज नहीं आए हैं, मरीजों को दवाएं मिल रही हैं। - राज कुमार