हाथरस : सावन के पहले सोमवार के लिए चौबे वाले महादेव मंदिर पर सफाई करते पुजारी। संवाद
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
रस की नगरी कहे जाने वाले इस शहर में हर छोर पर भगवान भोलेनाथ शिवलिंग के रूप में विराजमान है। शहर में कई ऐसे शिवालय हैं, जहां हर रोज सुबह से रात तक भक्तों का तांता लगता है। बम-बम भोले की गूंज रहती है। भक्त भोलेनाथ के दरबार में हाजिरी लगाकर और उनकी एक झलक पाकर खुद को निहाल महसूस करते हैं। सैकड़ों वर्षों से शिवालय शहर वासियों की आस्था का केंद्र बने हुए हैं। इनमें से एक हैं शहर के मेंडू रोड स्थित चौबे वाले महादेव। यहां हर रोज बड़ी संख्या में भक्तों का आवागमन रहता है।
इनकी स्थापना के बारे में कहा जाता है कि राजा दयाराम ने संवत 1865 में चौबे वाले महादेव की स्थापना कराई थी। करीब 200 साल पुराने इस मंदिर के शिवलिंग की अनुपम छटा है। बताया जाता है कि आज तक कोई भी इस शिवलिंग को अपनी बांहों में नहीं भर सका है। सावन के प्रत्येक सोमवार को भक्तों का मेला लगता है। भक्त बड़ी संख्या में भोलेनाथ के मनोहरी शृंगार के दर्शन के लिए आते हैं। पुजारी अजय मिश्र बताते हैं कि 200 साल से अधिक पुराने इस शिवलिंग के प्रति लोगों की अटूट श्रद्धा है। संवाद