फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हाथरस : खौफनाक मंजर देख सिहर गया बंटी

विज्ञापन
हाथरस : कांवड़ियों के साथी बंटी चेकूर। संवाद - फोटो : SADABAD
विज्ञापन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सादाबाद/हाथरस।
विज्ञापन

हादसे में अपने छह साथियों को खोने वाला बंटी चेकूर का रो-रोकर बुरा हाल था। बंटी का कहना था कि उसने कभी यह जिंदगी में भी नहीं सोचा था कि वह अपने जिन साथियों के साथ कांवड़ लेकर घर वापस जा रहा है, वह जीवित नहीं, बल्कि मृत अवस्था में अपने घर पहुंचेंगे। बंटी का कहना है कि सूचना के आधा घंटे बाद पुलिस मौके पर पहुंची।
हादसे के बारे में बंटी ने रोते हुए बताया कि गांव से 42 लोगों का जत्था हरिद्वार कांवड़ लेने गया था। लौटते समय 320 किलोमीटर का सफर तय करने के बाद हमारे कुछ साथी हाथरस मैं आराम कर रहे थे और कुछ साथी सादाबाद के एक होटल में रुके हुए थे। हमें सादाबाद में कांवड़ बदलनी थी। बंटी का कहना था कि वह उसके सात साथी पीछे आ रहे थे और वह सीटी बजाता हुआ आगे चल रहा था। इस दौरान पीछे से आए डंपर ने उसके सातों साथियों को कुचल दिया। बकौल बंटी यह दर्दनाक हादसा देखकर मेरी रूह कांप गई। मैंने अपने सादाबाद और हाथरस में रुके साथियों को फोन से इसकी जानकारी दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस को भी इसके अवगत कराया गया। पुलिस सूचना के 30 मिनट में मौके पर पहुंची। निकट ही होटल वाले व अन्य होटल पर बैठे ड्राइवरों की मदद से हाईवे एंबुलेंस को सूचना दी। तभी हाईवे एंबुलेंस और हाईवे की पेट्रोलिंग गाड़ी भी मौके पर पहुंच गई। इन सबकी मदद से अपने घायल साथियों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सादाबाद पहुंचाया। इससे पहले उसके सादाबाद व हाथरस में रुके साथी भी पहुंच गए। वहां पांच को मृत घोषित कर दिया और दो को गंभीर अवस्था में आगरा रेफर कर दिया। आगरा पहुंचते ही इलाज के दौरान विकास ने भी दम तोड़ दिया। डंपर चालक तेज गति से आ रहा था और घटना होने के बाद वह बहुत तेज गति से डंपर को ले गया। उसका कहना था कि हम करीब 370 किमी चल चुके थे और करीब 170 किमी तक हमें और चलना था। संवाद
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें