न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हाथरस
संदिग्ध हालात में घायल एक किशोर की आगरा में उपचार के दौरान मौत हो गई। उसकी मौत के बाद परिजनों व अन्य लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। इन लोगों ने पहले तो कोतवाली चंदपा का घेराव कर जमकर हंगामा काटा और उसके बाद चंदपा कोतवाली के सामने राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम लगा दिया। परिजनों ने पुलिस पर इस मामले में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया और कोतवाली निरीक्षक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इन लोगों की पुलिस से तीखी नोक-झोंक भी हुई। परिजनों का आरोप है कि इन किशोर से मारपीट कर उसके ऊपर गाड़ी चढ़ा दी गई। डीएम और एसपी भी चंदपा पहुंच गए और परिजनों व अन्य लोगों को समझा-बुझाकर शांत किया। पुलिस ने मुकदमे को हत्या में तरमीम कर लिया है।
उल्लेखनीय है कि चंदपा थाना क्षेत्र के गांव मीतई निवासी पंकज भारद्वाज का 17 वर्षीय बेटा दिव्यांशु 13 अगस्त को संदिग्ध अवस्था में बाईपास पर नगला भुस के निकट घायल हो गया था। दिव्यांशु के घायल होने के बाद उसके पिता पंकज ने कोतवाली चंदपा में मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें उसने चार लोगों को आरोपित किया था। पंकज का कहना था कि दिव्यांशु के दो दोस्त उसे मीतई से स्कॉर्पियो गाड़ी से नगला भुस ले गए थे। यह गाड़ी इनमें से एक दोस्त की थी। आरोप है कि बाद में दो अन्य नामजदों ने एक अन्य अज्ञात के साथ मिलकर दिव्यांशु के साथ जमकर मारपीट की और दुर्घटना दर्शाते हुए उस पर गाड़ी चढ़ा दी। उसके बाद उसे उपचार के लिए आगरा ले जाया गया।
पुलिस ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया था। बृहस्पतिवार को आगरा में उपचार के दौरान दिव्यांशु की मौत हो गई। उसके शव को परिजन थाना चंदपा लेकर पहुंच गए। परिजनों ने थाने में ही शव को रख दिया। उनका आरोप था कि इस मामले में पुलिस ने लापरवाही बरती है। परिजन इस मामले को हत्या में दर्ज कराने की मांग करने लगे। उनकी यह भी मांग थी कि सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाए। पुलिस से इनकी नोकझोंक भी हुई। परिजनों व अन्य ग्रामीणों ने थाना कोतवाली का घेराव कर जमकर हंगामा काटा। परिजनों ने कोतवाली निरीक्षक के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की। इन लोगों का आरोप था कि पुलिस आरोपियों को बचा रही है। वहां सीओ सिटी मनोज कुमार शर्मा भी पहुंच गए। परिजन व अन्य लोग यही मांग करने लगे।
इस बीच राष्ट्रीय सवर्ण परिषद के अध्यक्ष पंकज धवरैय्या व कुछ अन्य पदाधिकारी भी वहां आ गए। इनके सामने परिजनों व अन्य ग्रामीणों ने थाने के सामने आगरा-अलीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर जाम लगा दिया। कुछ वाहन चालकों से जाम लगा रहे लोगों की तीखी नोक-झोंक हुई और काफी शोर-शराबा हुआ। सूचना मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक प्रकाश कुमार, एडीएम न्यायिक भी वहां पहुंच गए। इस दौरान अधिकारियों ने समझा-बुझाकर करीब पौन घंटे बाद जाम खुलवा दिया। बाद में डीएम रमेश रंजन और एसपी देवेश कुमार पांडेय भी वहां आ गए और पूरे मामले की जानकारी ली। परिजनों ने उनसे शेष आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी करने और इस मामले में लापरवाही बरतने पर संबंधित पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्यवाही कार्रवाई मांग की। अधिकारियों ने इन्हें उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। संवाद
पुलिस इस मामले में एक आरोपी को गिरफ्तार कर चुकी है। वह किशोर है और उसे बाल सुधार गृह मथुरा भेजा गया है। वहीं दूसरा एक अन्य आरोपी भी पुलिस की हिरासत में है। इस मुकदमे को धारा 302 में तरमीम कर लिया गया है।अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है और विवेचना भी गहनता से की जा रही है।
मनोज कुमार शर्मा, सीओ सिटी।