मुरसान क्षेत्र के गांव दर्शना पर शुक्रवार दोपहर को एक दर्दनाक हादसे में चार वर्षीय मासूम की मौत हो गई। गांव कथरिया निवासी राघव पुत्र नीरज अपनी ननिहाल से घर लौट रहा था। परिजनों के साथ वह गांव जाने के लिए दर्शना पर बस से उतरा, तभी बस के आगे के पहिये की चपेट में आ गया। परिजन उसे घायल हालत में अस्पताल ले गए जहां डॉक्टरों ने बालक को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद शाम होते-होते परिजनों ने बच्चे के शव का पोस्टमार्टम न कराने की जिद पकड़ ली और जमकर हंगामा करते हुए मथुरा रोड पर जाम लगा दिया। मौके पर पहुंची सादाबाद सीओ ने पोस्टमार्टम न कराने का आश्वासन देकर जाम खुलवाया।
राघव की ननिहाल सिकंदराराऊ क्षेत्र के गांव पट्टी देवरी में है। वह शुक्रवार को अपनी मां वंदना और नाना विशंभर के साथ ननिहाल से लौट रहा था। कथरिया जाने के लिए दर्शना पर परिजनों ने बस को रुकवाया था। परिजन बच्चे को उतारने के बाद खुद बस से उतरे ही थे कि बस चल दी। पहिये के आगे खड़े राघव को बस ने अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के बाद आरोपी चालक बस को लेकर भाग निकला। अस्पताल में बच्चे को मृत घोषित करने के बाद परिजनों का विलाप शुरू हो गया। परिजन राघव को ननिहाल से लेकर आने को लेकर खुद को कोस रहे थे तो उन्हें बस चालक पर भी रह-रहकर गुस्सा आ रहा था। परिजनों ने मुरसान थाने में आरोपी चालक के विरुद्ध तहरीर दे दी लेकिन शाम को थाने के एक दरोगा पर उनसे जबरन तहरीर लेने का आरोप लगाया। कहा कि एसएसआई ने मुकदमा दर्ज करने और शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए 25 हजार रुपये मांगे। शव का पोस्टमार्टम न कराने की जिद लेकर परिजनों ने जाम भी लगाया जो बाद में खुलवा दिया गया।