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मारपीट के बाद ग्रामीण की गला घोंटकर हत्या

Sat, 28 Oct 2017 11:17 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो हसायन (हाथरस)। । 
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हत्या - फोटो : Amar Ujala
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कोतवाली क्षेत्र के गांव कानऊ में दबंगों ने पुरानी रंजिश के चलते 55 वर्षीय ग्रामीण की मारपीट के बाद गला घोंटकर हत्या कर दी। वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए। हसायन कोतवाली पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। सीओ सिकंदराराऊ भी रात को ही मौका-ए-वारदात पर पहुंचे। परिजनों ने पुलिस पर आरोपियों को संरक्षण देने और गांव में पांच दिन पूर्व हुई घटना में कोई कार्रवाई नहीं करने के आरोप लगाए।
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ग्रामीणों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा भी किया और 12 घंटे तक शव को मौके से नहीं उठने दिया। पुलिस ने जैसे-तैसे समझा-बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। इस संबंध में अभी तक रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए कोई तहरीर नहीं दी गई है।

जानकारी के अनुसार रामपाल पुत्र टीकाराम (55 वर्ष) गांव में ही पोखर के निकट पांच बीघा जमीन पट्टे पर लेकर खेतीबाड़ी करते थे औरअपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। रामपाल के छह पुत्र हैं। बताते हैं कि 23 अक्तूबर को गांव में आरोपियों और मृतक पक्ष के बीच किसी बात पर झगड़ा हुआ था। आरोपियों ने मृतक रामपाल के पुत्र जुगेंद्र उर्फ  भूरा और उसके परिवार के लोगों के साथ घर में घुसकर मारपीट की थी और रामपाल और उनकी पत्नी रानी देवी को घायल कर दिया था।
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इस मामले में मृतक रामपाल ने गांव के ही पांच लोगों के खिलाफ  कोतवाली में तहरीर दी थी। मृतक के परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने इस मामले में बिना कोई कार्रवाई के ही रामपाल और रानी देवी को उपचार के लिए हाथरस जिला अस्पताल भेज दिया था। रामपाल और उनकी पत्नी रानी देवी शुक्रवार को इस मामले में आरोपियों द्वारा दी जा रही धमकी की शिकायत लेकर पुलिस अधिकारियों से भी मिले मगर पुलिस ने दबंगों के खिलाफ  कार्रवाई नहीं की और पीड़ित को शनिवार को फिर थाने आने के लिए कह दिया गया, जबकि मृतक के परिजनों का कहना है कि उन्हें आरोपियों की तरफ से बराबर गांव में आने पर जान से मारने की धमकी दी जा रही थीं। 

आरोप है कि शुक्रवार रात आरोपियों ने घर से प्लॉट पर सोने के लिए जाते समय रामपाल को पकड़ लिया और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। इसके बाद गला घोटकर उनकी हत्या कर दी। घटना के बाद आरोपी गांव से फरार हो गए। मृतक की पत्नी रानी देवी, उनके पुत्र जुगेंद्र और जितेंद्र का कहना है कि दो पांच दिन पूर्व हुए झगड़े के मामले में दबंगों के खिलाफ  तहरीर देने के बाद पुलिस ने जब कोई कार्रवाई नहीं की तो वह सीओ, एएसपी, एसपी और अलीगढ़ भी आईजी से मिलने गए, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इस बारे में कोतवाली प्रभारी प्रवीण कुमार सिंह से बात करने की कोशिश की गई, लेकिन कई बार घंटी जाने पर भी फोन रिसीव नहीं हुआ। गांव में घटना के बाद तनाव का माहौल बताया जा रहा है।
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