एक महिला का पर्स गुम होने पर उसके परिवार के लोगाें ने रिक्शा चालक पर शक जताया और उसे घर से उठा लिया। आरोपी चालक को थाने ले जाने की बात कहकर घर से ले आए और थाने न ले जाकर अज्ञात स्थान पर ले गए।
थाने पहुंचे चालक के परिजनों ने जब वहां चालक को नहीं पाया तो उनके होश उड़ गए। रोते-बिलखते परिजनों ने पुलिस को पूरे मामले से अवगत कराया। पुलिस ने जब जांच-पड़ताल शुरू की तो आरोपियों ने रिक्शा चालक को छोड़ दिया।
दरअसल, लहरा निवासी रिक्शा चालक ने बुधवार को एक परिवार के लोगों को साकेत कॉलोनी तक छोड़ा था। इस रिक्शे में महिलाएं भी बैठीं थी और एक महिला के पास पर्स था, जिसमें दस हजार रुपये की रकम थी। घर पहुंचने पर जब महिला को पर्स नदारद मिला तो उसने रिक्शा चालक पर शक जताया। परिवार के लोग किसी तरह रिक्शे वाले का पता लगाकर गुरुवार सुबह उसके घर पहुंच गए और जबरन बाइक पर बैठाकर थाने ले जाने की बात कहकर उसे अगवा कर लाए।
कुछ देर बाद जब चालक के परिजन थाने पहुंचे तब उन्हें चालक को अगवा किए जाने की आशंका सताने लगी। परिजनों को लगा कि चालक को ले जाने के बाद उनके साथ कहीं मारपीट तो नहीं की जा रही। पुलिस ने मामला संज्ञान में आने के बाद जांच-पड़ताल शुरू कर दी। इसकी भनक आरोपियों को लग गई और उन्होंने चालक को तुरंत छोड़ दिया। चालक ने बताया कि उनके साथ मारपीट नहीं की गई। दो लोग जबरन उन्हें बाइक पर बैठाकर ले गए थे। काफी देर तक पर्स के बारे में पूछताछ करने के बाद उन्हें छोड़ दिया। पुलिस ने इस मामले में लिखित शिकायत नहीं मिलने की बात कही है।