हसायन के नगला सकत में हुई हत्या का खुलासा करते एसपी।
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हाथरस। हसायन के गांव नगला सकत में 11 जून की रात को सोनपाल सिंह पुत्र भूदेव की हत्या रंजिशन उसके पड़ोसियों ने ही की थी। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या के बाद मृतक सोनपाल के भाई ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए गांव के एक व्यक्ति पर शक जताया था। इनमें से एक आरोपी ने बदमाशों के धावे की बात कहकर पुलिस को भ्रमित करने की भी कोशिश की थी।
अपने कार्यालय पर प्रेसवार्ता में एसपी डॉ. अजयपाल शर्मा ने बताया कि सोनपाल का शव घर से कुछ दूरी पर गुलाब के खेत में पड़ा मिला था। परिजनों ने गांव के मुन्नालाल बघेल पुत्र हुकुम सिंह पर शक जताया था। इसी दिन गांव के सलमान उर्फ भोले पुत्र मुन्ने खां ने अपने घर पर बदमाशों के धावा बोलकर लूटपाट करने की बात कहकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की थी। पुलिस को शक होने पर जब इनसे पूछताछ की गई तो सारा मामला खुल गया। सलमान ने बताया कि मुन्नालाल बघेल जिस जमीन को खरीदना चाहते थे, उसे सोनपाल ने खरीद लिया था, जिससे वह उससे रंजिश मानने लगे थे। वहीं सलमान के मामा तैमूर का घर सोनपाल के घर के सामने ही था। तैमूर आपराधिक प्रवृति का व्यक्ति है। उसके घर अराजक तत्वों का आना-जाना लगा रहता था, जिसका विरोध सोनपाल किया करता था। इसे लेकर सोनपाल और तैमूर का कई बार झगड़ा हुआ था। तैमूर ने अपने भांजे सलमान और मुन्नालाल बघेल को साथ लेकर हत्या की साजिश रची। तैमूर ने घेर पर ही सोनपाल पुत्र भूदेव सिंह की डंडों से पीटकर हत्या कर दी। इसके बाद साथियों के साथ मिलकर शव को गुलाब के खेत में चकरोड के किनारे जामुन के पेड़ के नीचे छिपा दिया गया था। पुलिस को शक नहीं हो, इसके लिए सलमान ने अपने यहां बदमाशों के धावा बोलने और लूट करने की कहानी गढ़ी, ताकि पुलिस को लगे कि हत्या बदमाशों ने की है।