रोडवेज बस में एक दिव्यांग युवक का टिकट बनाना कंडक्टर को भारी पड़ गया। दिव्यांग युवक के साथी हमलावरों ने कंडक्टर के साथ जमकर मारपीट करते हुए उस पर तमंचा तान दिया। कंडक्टर ने चार हजार रुपये का सरकारी कैश लूटने का आरोप भी हमलावरों पर लगाया है। पुलिस ने आरोपी दिव्यांग युवक को हिरासत में ले लिया है।
मुरसान क्षेत्र के गांव खेड़ा परसौली के विजय पाठक रोडवेज में कंडक्टर हैं। गुरुवार दोपहर वह अलीगढ़ से बस लेकर हाथरस के लिए चले। अलीगढ़ से सवार हुए एक दिव्यांग युवक ने उन्हें अपना दिव्यांग प्रमाणपत्र दिखाते हुए टिकट नहीं बनाने को कहा। इस पर विजय पाठक ने कहा कि 31 मार्च के बाद केवल उन्हीं के प्रमाणपत्र मान्य माने जा रहे हैं जिनसे आधार कार्ड अटैच हैं।
विजय ने कहा कि अगर युवक अपने प्रमाणपत्र के साथ अपना आधार कार्ड दिखा दे तो वह टिकट नहीं बनाएगा। युवक के पास आधार कार्ड नहीं था। उसकी कंडक्टर से जमकर नोकझोंक हुई और जब बस से उतरने की नौबत आई तो युवक ने हाथरस तक की टिकट बनवा ली। बस के हाथरस पहुंचते ही युवक ने कंडक्टर पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए अपने साथियों को फोन कर दिया।
हैरत की बात यह है कि युवक ने पुलिस को भी फोन कर कंडक्टर पर अभद्रता करने का आरोप लगाया। युवक के साथी पुलिस से पहले पहुंचे और कंडक्टर को पीटना शुरू कर दिया। सासनी गेट पर चौराहे के पास बस को रोककर आरोपियों ने जमकर हंगामा किया। आरोपियों के पास तमंचे थे। कंडक्टर का आरोप है कि आरोपियों ने तमंचा तानकर टिकट बनाने से इकट्ठा हुआ चार हजार रुपये का सरकारी कैश लूट लिया। पुलिस के पहुंचने से पहले आरोपी भाग निकले।
मौके पर पहुंची पुलिस ने बस में मौजूद दिव्यांग युवक को हिरासत में ले लिया और सदर कोतवाली ले आई। कंडक्टर भी बस लेकर कोतवाली पहुंच गए। यहां पुलिस ने यात्रियों से बात कर मामले की जानकारी की। उप निरीक्षक वेदपाल ने बताया कि कंडक्टर के साथ मारपीट की गई है। उसके कपड़े फटे हुए थे। जहां तक कैश लूट की बात है तो इस मामले की जांच की जा रही है। युवक को हिरासत में लिया गया है।