मंगलवार शाम को लापता हुए दो बच्चे देर रात लहूलुहान हालत में एक खेत में पड़े मिले। इनमें से एक की मौत हो चुकी थी जबकि दूसरा बच्चा बुरी तरह कराह रहा था। घटनास्थल से पुलिस ने मक्के के तीन भुट्टे व खून से सनी ईंट भी बरामद की है। उसका मानना है कि भुट्टे चुराने पर दोनों बच्चों पर ईंट से जानलेवा हमला हुआ है। भुट्टे के खेत के दो स्वामियों समेत तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। घायल बच्चे को अलीगढ़ के मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। घटना की असली वजह जानने के लिए पुलिस उसके होश में आने का इंतजार कर रही है।
नगर के मोहल्ला ईदगाह निवासी गोलू (9) पुत्र सुभाष चौहान और असद (8) पुत्र यासीन निवासी रोरावर अलीगढ़ मंगलवार शाम को खेलने की कहकर घर से निकले थे। असद अपने मौसा शमसुद्दीन निवासी नौरंगाबाद के यहां छुट्टियां मनाने आया था। देर शाम तक दोनों बच्चे जब घर नहीं आए तो परिजनों को चिंता हुई। इस बारे में पुलिस को सूचना दे दी गई।
रात करीब साढ़े 10 बजे दोनों बच्चे धान मिल के पीछे नौरंगाबाद निवासी भाईजी के मक्के के खेत के पास लहूलुहान हालत में पड़े मिले। गोलू की मौत हो चुकी थी। दोनों बच्चों के सिर से खून बह रहा था। सिर, गर्दन और कान पर भी घाव थे।
सूचना पाकर कोतवाल मनोज कुमार शर्मा, सीओ आशीष प्रताप सिंह घटनास्थल पर पहुंच गए। उन्होंने गोलू के शव को कब्जे में लेकर असद को उपचार के लिए अस्पताल भिजवाया। पुलिस ने खेत की रखवाली कर रहे छोटे को वहीं से हिरासत में ले लिया। इसके बाद खेत मालिक भाईजी के परिवार के दो लोगों को हिरासत में ले लिया। मामले को लेकर बुधवार दोपहर एसओजी टीम कोतवाली आ गई तथा तीनों से अलग-अलग पूछताछ की है।
मौसा के यहां छुट्टियां मनाने आया था असद
असद रोरावर अलीगढ़ का निवासी है। उसके पिता यासीन मजदूरी करते हैं। वह अपने पिता का इकलौता बेटा है। कक्षा तीन का छात्र असद पिछले हफ्ते ही छुट्टियां मनाने मौसा शमसुद्दीन के यहां सिकंदराराऊ आया था। उसके साथ हादसे की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। उसे फिलहाल जेएन मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी से वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। अभी उसे होश नहीं आया है। परिजन और पुलिस बच्चे के होश में आने का इंतजार कर रहे हैं। पुलिस का कहना है कि पुलिस अब घायल असद के होश मे आने का इंतजार है। उसके होश में आते ही केस का राजफाश हो जाएगा।
रात भर सिकंदराराऊ में जमे रहे एसपी
घटना की सूचना पर देर रात एसपी घुले सुशील और एएसपी सिद्धार्थ वर्मा सिकंदराराऊ पहुंच गए। अधिकारियों ने घटना की गहनता से पड़ताल की। सुबह चार बजे विभिन्न पहलुओं पर जांच के बाद अधिकारी वापस हाथरस लौटे।