हाथरस। विकास खंड हाथरस के गांव ककोड़ी में ग्रामीणों ने राशन का सामान पकड़ने का दावा किया है। शिकायतकर्ताओं की मानें तो यह सामान बाजार में बिकने जा रहा था। इतना ही नहीं ग्राम प्रधान की मदद से बाजार जा रही राशन की बोरियाें की वीडियोग्राफी भी कराई गई। ग्रामीणाें ने एसडीएम सदर को भी सूचना दे दी। एसडीएम ने पूर्ति निरीक्षक को मौके पर भेजा।
पूर्ति निरीक्षक ने गांव के रास्ते में इस राशन को पकड़ लिया और बोरियों को वापस राशन डीलर के घर पहुंचा दिया। ग्रामीणों का आरोप है कि राशन डीलर कार्ड धारकों को न तो गेहूं बांट रहेे हैं और न ही चीनी। केरोसन और चावल भी नहीं देते। सामान की कालाबाजारी की जा रही है। ग्राम प्रधान के कई बार चेताने के बावजूद वह बाज नहीं आए तो बाजार जाते समय राशन की बोरियों को ग्रामीणाें ने बीच रास्ते में रोक लिया और हंगामा किया।
ग्रामीणाें ने एसडीएम से राशन की दुकान का लाइसेंस निरस्त करने और राशन डीलर के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने की मांग की है। एसडीएम केहरी सिंह का कहना है कि शिकायत मिलने पर पूर्ति निरीक्षक को जांच के लिए भेजा गया था। अभी उनकी जांच रिपोर्ट नहीं मिली है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद जरूरी कार्रवाई की जाएगी।
डीलर पर कम राशन देने का आरोप
हाथरस। गांव सोखना के अवधेश शर्मा और संजय शर्मा ने डीएम से शिकायत करते हुए गांव के डीलर पर तय पांच किलो राशन की जगह चार किलो राशन दिए जाने का आरोप लगाया है। शिकायत में कहा गया है कि इस बात की शिकायत कई बार अधिकारियों की जा चुकी है। जांच के बाद हमेशा राशन डीलर को क्लीन चिट दे दी जाती है। कम राशन दिए जाने को लेकर गांव में कई बार डीलर के साथ लोगों के झगड़े हुए हैं। ग्रामीणों ने डीएम से राशन की दुकान का लाइसेंस निरस्त किए जाने की मांग की है।