ब्यूरो, अमर उजाला अमर उजाला ब्यूरो
छात्राओं के अपहरण की सूचना पर पुलिस की चिकरघिन्नी बन गई। सूचना पर दौड़ी पीआरवी और मुरसान पुलिस ने कार को सादाबाद में पकड़ लिया। बाद में पता चला कि छात्राओं का अपहरण नहीं किया गया था, बल्कि वह अपने दोस्तों के साथ ताजमहल देखने जा रही थीं। पुलिस ने सूचना देने वाले शख्स को हिरासत में लेने के बाद शांति भंग करने के आरोप में पाबंद कर दिया।
मुरसान एसओ जगदीश चंद्र ने बताया कि मुरसान क्षेत्र के गांव में रहने वाली दो छात्राएं कस्बे में कोचिंग को आती हैं। शनिवार को एक शख्स ने जब यूपी 100 को फोन कर कहा कि तीन कार सवार युवक दो छात्राओं को जबरन कार में डालकर ले गए हैं। छात्राओं के अपहरण की सूचना पर आरोपियों को सादाबाद में दबोचने के बाद थाने लाकर पूछताछ की गई।
एसओ ने बताया कि छात्राओं ने सूचना देने वाले शख्स पर कई बार पीछा करने के आरोप लगाए। एक छात्रा ने कहा कि कार सवार युवकों में से एक उसका रिश्ते में भाई और जबकि दो दोस्त हैं। माता-पिता की अनुमति के बाद ही वह दोस्तों के साथ ताजमहल देखने जा रही थीं। हालांकि पुलिस को बाद में पता चला कि छात्राएं मार्कशीट लेने के लिए आगरा जाने की बात कहकर घर से आई थीं। पुलिस ने छात्राओं को उनके अभिभावकों के सुपुर्द कर दिया। वहीं पकड़े गए तीन कार सवार युवकों को भी उनके माता-पिता को सौंप दिया गया है।