क्षेत्र के गांव महरारा में रेलवे के अंडरपास की मांग को लेकर हुए बवाल के मामले में पुलिस और रेलवे ने 16 नामजद और 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस ने हिरासत में लिए सात लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वैसे पुलिस ने दो महिलाओं को भी हिरासत में लिया था, लेकिन उपद्रव में उनकी कोई भूमिका नहीं होने पर पुलिस ने उनको देर रात कोतवाली से छोड़ दिया ।
क्षेत्र के गांव महरारा के ग्रामीण पिछले शुक्रवार से नई रेलवे लाइन के नीचे अंडरपास की मांग कर रहे थे। सोमवार को मौके पर उनको समझाने के लिए एसडीएम सादाबाद ज्योत्सना बंधु पहुंचीं थीं। ग्रामीण और महिलाएं ने उनको घेर लिया था। एसडीएम की ग्रामीणों से काफी कहासुनी भी हुई थी। इस दौरान किसी शरारती तत्व ने एसडीएम की ओर रेलवे लाइन के लिए रखी गिट्टी फेंक दी, जिससे वह बाल-बाल बच गईं।
यह देखकर कोतवाली निरीक्षक जगदीश चंद्र एवं मौके पर पहुंची महिला पुलिस कर्मियों ने उनको अपने घेरे में ले लिया और एक ओर ले गए। बाद में जब पुलिस उनसे पत्थर मारने का कारण पूछने गई तो महिलाओं एवं ग्रामीणों ने उन पर भी पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। देखते ही देखते पुलिस पर तीन तरफ से पत्थर फेंके जाने लगे। एक बार तो पुलिस को पीछे हटना पड़ा। बाद में पुलिस ने भीड़ और पत्थरबाजों को हटाने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और रबर बुलेट भी चलाई, जिसके बाद भीड़ वहां से तितर-बितर हो गई थी। पुलिस ने भागते लोगों में से लटूरी सिंह पुत्र दाताराम, रामबाबू पुत्र नेतराम, नत्थू सिंह पुत्र मोतीराम, दुशासन पुत्र रामप्रसाद, सुनील कुमार पुत्र भीकम सिंह, आकाश पुत्र नाहर सिंह एवं दो महिलाओं को हिरासत में ले लिया।पुलिस ने महिलाओं की उपद्रव में कोई भूमिका नहीं होने पर उनको छोड़ दिया, लेकिन बाकी सभी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया ।
इधर, पुलिस ने रेलवे लाइन बिछाने का काम कर रही टाटा अल्डीसा जेके कंपनी द्वारा नियुक्त सेक्शन इंचार्ज संतोष वर्मा पुत्र ओम प्रकाश वर्मा हाल निवासी एचआईजी 138 रामघाट रोड स्वर्ण जयंती नगर क्वार्सी अलीगढ़ की ओर से दी गई तहरीर पर इन सात के अलावा वीरपाल पुत्र एदल सिंह, रामनिवास गौतम पुत्र लालता प्रसाद, रामप्रकाश पुत्र रघुवीर प्रसाद, जय प्रकाश पुत्र कुल क्षेत्र, श्रीकृष्ण कुशवाहा पुत्र मेहताब सिंह, दीनदयाल पुत्र मूलचंद्र, शेरा यादव पुत्र पप्पू सिंह, कालू यादव पुत्र बच्चे सिंह, नीरज कुमार पुत्र चिंरजीलाल और 50 अज्ञात लोगों के खिलाफ आईपीसी की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।