सादाबाद में गोसेवकों से वार्ता करते एसडीएम संजय कुमार। संवाद
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भीषण गर्मी में इन-दिनों इंसान तो क्या जानवर भी बेहाल हैं। मंडी परिसर में संचालित गोवंश आश्रय स्थल में कई गोवंश गर्मी से बीमार हो गए हैं। गोशाला में तैनात पशु चिकित्सक इनके उपचार में रुचि नहीं ले रहे। शुक्रवार को सुबह गोसेवकों ने आश्रय स्थल में पहुंचकर बीमार गोवंश का हाल जाना। गो सेवकों ने इनके उपचार में लापरवाही पर हंगामा किया और नाराजगी जताई।
तहसीलदार केसी चौधरी और कोतवाली निरीक्षक लोकेश सिंह भाटी मौके पर पहुंच गए और गोसेवकों को समझाने की कोशिश की, लेकिन जब वह नहीं माने तो एसडीएम संजय कुमार सिंह पहुंचे और उन्होंने पशु चिकित्सक के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन देकर गो सेवकों को शांत कराया।
विश्व हिंदू परिषद गो रक्षा विभाग के कार्यकर्ताओं को गो आश्रय स्थल में गोवंश की हालत खराब होने की सूचना मिली थी। वहां पहुंचकर देखा तो बीमार गोवंश के इलाज के लिए पशु चिकित्सक ही उपलब्ध नहीं थे। जिला सह संयोजक दिव्यांश शर्मा ने पशु चिकित्सक को फोन से गोवंश के स्वास्थ्य के संबंध में जानकारी दी, लेकिन उन्होंने आकर उपचार करने से मना कर दिया। गो सेवक ने इसकी सूचना जिला स्तरीय कार्यकर्ताओं को दी। कुछ ही देर में उनकी टीम मंडी समिति परिसर पहुंच गई। गोशाला प्रभारी ने पशु चिकित्सक को इस बारे में सूचना दी। आरोप है कि पशु चिकित्सक ने अशोभनीय व्यवहार करते हुए गोवंश का उपचार करने से मना कर दिया।
यह सुनकर गो सेवक आक्रोशित हो गए और उन्होंने पशु चिकित्सक के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। आक्रोशित कार्यकर्ता टंकी पर भी चढ़ गए। एसडीएम ने मौके पर पहुंचकर मुख्य पशु चिकित्साधिकारी और पशु चिकित्साधिकारी को मौके पर बुलाया। बीमार गोवंश को उपचार दिया गया। एसडीएम ने भविष्य में भी गोवंश की देखभाल पर विशेष ध्यान देने के निर्देश पशु चिकित्साधिकारी को दिए। इस मौके पर गो सेवक सचिन दीक्षित, राहुल उपाध्याय, जीतू राणा, हिमालय चौधरी आदि मौजूद रहे। संवाद