हाथरस/सासनी। कम पैदावार ने इस बार आलू की कद्र बढ़ा दी है। कम उपलब्धता और बढ़ती डिमांड से आलू के रेट को भी पर लगे हुए हैं, जिससे किसान इस बार आलू से मुनाफा वसूली का कोई मौका नहीं छोड़ना चाहते। यही सोचकर किसान इस बार अपना आलू कोल्ड स्टोर से निकालने में कंजूसी कर रहे हैं। अच्छी कीमत लगने पर ही वह कोल्ड स्टोर से आलू निकालकर बेच रहे हैं। यही वजह है कि इस बार किसानों का करीब 50 फीसदी आलू अब भी कोल्ड स्टोर में रखा हुआ है। बाजार में आलू की उपलब्धता पिछले साल के मुकाबले काफी कम है, जिससे इसके रेट हर दिन चढ़ रहे हैं। पिछले साल जिस आलू के रेट 150 से 200 रुपये बोरी तक फंस गए थे, उसी का रेट इस बार 500 से 600 रुपये प्रति बोरी तक पहुंच चुका है। किसानों को उम्मीद है कि आलू के रेट में अभी और उछाल आएगा। किसान इस आलू से बीते दो सालों में हुए घाटे की भरपाई कर लेना चाहते हैं। ऐसे में वह आलू बेचने में किसी तरह की जल्दबाजी नहीं करना चाहते मगर आलू के चढ़ते रेट ने इस बार आम आदमी की जेब पर बोझ बढ़ा दिया है। उन्हें पहले से महंगा आलू खाना पड़ रहा है।