हाथरस। शहर में शुक्रवार को तड़के लुटेरों का राज रहा। लुटेरों के निशारे पर बासौड़ा पूजने जा रही महिलाएं रहीं। कई महिलाओं से बदमाशों ने जेवरात छीन लिए। इस दौरान कई स्थानों पर हंगामा भी मचा, लेकिन स्थिति जस की तस रही। पुलिस घटनाओं से अंजान बनी रही। बासौड़ा पूजन के दौरान शहर में कई देवी मंदिरों में शुक्रवार की तड़के से ही भीड़ लगनी शुरू हो गई। अंधेरे में इसका सबसे ज्यादा फायदा लुटेरों ने उठाया। बदमाशों ने देवी मंदिरों के आसपास महिलाओं से आभूषण छीनने शुरू कर दिए। जलेसर रोड निवासी रक्मिणी देवी जब बासौड़ा पूजन के लिए किला स्थित शीतला माता मंदिर के लिए जा रही थी। तभी मंदिर के निकट ही लुटेरों ने उनके कान से कुंडल खींच लिए। वह दर्द से तड़प उठी और कुछ समझ नहीं पाई। उन्होंने शोर भी मचाया। वहां भीड़ भी एकत्रित हो गई, लेकिन तब तक लुटेरे फरार हो गए। इसी तरह की एक अन्य घटना स्थानीय वाटर वर्क्स कॉलोनी निवासी जयवंती देवी पत्नी अशोक कुमार गुप्ता के साथ हुई। वह भी जब शीतला माता मंदिर पर जा रही थीं। तभी रास्तों में लुटेरों ने उन्हें दबोच लिया। बदमाशों ने उनके कान से कुंडल खींच लिए। बदमाश वहां से भी फरार हो गए और यह महिला भी शोर मचाती रह गई। एक अन्य महिला से भी इसी तरह बाइकर्स ने झपट्टा मारकर उसके गले से सोने की चेन खींची। इन घटनाओं को लेकर महिलाएं खासी दहशत में दिखाई दीं। वहीं लोगों का कहना था कि देवी मंदिरों के आसपास सुरक्षा इंतजाम न होने की वजह से लुटेरों ने यह वारदातें की हैं।