नगर के अवंतीबाई चौराहा स्थित एक उच्च शिक्षण संस्थान में संचालित कौशल विकास प्रशिक्षण केंद्र में कार्यरत पांच शिक्षकों को बिना नोटिस के नौकरी से निकालने और छात्राओं के लिए परिसर में ही हॉस्टल बनाने की बात पर हंगामा खड़ा हो गया। छात्राओं ने पुलिस बुला ली और मामले की शिकायत की। पुलिस प्रकरण की जांच कर रही है।
नगर के अवंतीबाई चौराहा पर एक उच्च शिक्षण संस्थान में किराए पर भवन लेकर सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त प्रशिक्षण केंद्र चलाया जा रहा है। इसमें 18 छात्राएं व करीब 40 छात्र पढ़ते हैं। सुबह नौ से शाम छह बजे तक कक्षाएं संचालित होती हैं। छात्र संस्थान में ही बने हॉस्टल में रहते हैं, जबकि छात्राएं करीब एक किलोमीटर दूर हॉस्टल में रहती हैं।
इस प्रशिक्षण केंद्र में कार्यरत शिक्षिका आरती, नेहा व गुलफ्शा व छात्रा सरस्वती, सरोज, कामनी, हेमलता, शिवानी, कविता, नीलम आदि ने पुलिस को दी तहरीर में कहा कि तीनों के अलावा दो पुरुष शिक्षकों को संचालकों द्वारा बिना काेई नोटिस दिए नौकरी से निकाल दिया गया है। प्रशिक्षण प्राप्त करने वाली छात्राओं से कह दिया गया कि उनके लिए परिसर में ही हाॅस्टल की व्यवस्था की जा रही है।
छात्राओं को भी इसी परिसर में रहना होगा। इसका छात्राओं ने विरोध किया और कहा कि हम जहां रह रहे हैं उसी हॉस्टल में रहेंगी। आरोप है कि जब छात्राएं जाने लगीं तो कर्मचारी ने मुख्य गेट का ताला बंद कर दिया। बाहर जाने से रोक दिया। छात्राओं और नौकरी से निकाले गए शिक्षक शिक्षिकाओं ने हंगामा शुरू कर दिया। पुलिस काे बुला लिया। इस मामले में पुलिस को तहरीर दे दी गई है, पुलिस मामले की जांच कर रही है।