हरदोई। स्वयं सहायता समूह की मृतक सदस्य का फर्जी अंगूठा लगाकर राशि निकालने के मामले में कार्रवाई शुरु हो गई है। समूह की अध्यक्ष समेत तीन महिलाओं से 98,000 रुपये की वसूली की जाएगी। जांच में दोषी पाए जाने के बाद डीएम और सीडीओ ने स्वत: रोजगार को वसूली और कार्रवाई की जिम्मेदारी सौंपी है।
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाए जाने के लिए महिलाओं के स्वयं सहायता समूहों में से एक में अध्यक्ष और दो अन्य महिलाओं की ओर से फर्जीवाड़ा किए जाने की पुष्टि हुई है। फर्जीवाड़ा का यह मामला विकास खंड बावन की ग्राम पंचायत सकाहा के मजरा बीलपुरवा में गुलशन आजीविका स्वयं सहायता समूह से जुड़ा है। डीएम एमपी सिंह और सीडीओ सौम्या गुरूरानी की ओर से बावन बीडीओ का कार्यभार देख रहे जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी डॉ. रामप्रकाश से जांच कराई। जांच में जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी ने रिपोर्ट में कहा कि समूह में 13 सदस्य थे। इसमें सदस्य आशा देवी की 10 अक्तूबर 2022 को मौत हो गई थी। आशा देवी की मौत के बाद भी समूह की अध्यक्ष, कोषाध्यक्ष और सचिव ने दो बार में 16 और 18 अप्रैल 2024 को 98,000 रुपये बैंक से निकाले हैं।
स्वत: रोजगार उपायुक्त रवि प्रकाश सिंह ने बताया कि समूह ने 12 अप्रैल 2024 के सूखा राशन की खरीदारी के प्रस्ताव पर यह राशि फर्जी अंगूठा लगाकर निकाली है। डीएम और सीडीओ ने पूरे मामले पर दोषियों पर कार्रवाई के साथ ही राशि वसूली के आदेश दिए हैं। बताया कि समूह अध्यक्ष, कोषाध्यक्ष और सचिव से 98,000 रुपये की वसूली की प्रक्रिया शुरु करा दी गई है। यह राशि समूह के ही खाते में जमा कराई जाएगी।