हरदोई। मनरेगा में अधिनियम की अनदेखी कर 100 दिन से अधिक के दिए गए रोजगार से जुड़ी खबर को अधिकारियों ने संज्ञान लिया है। श्रम रोजगार उपायुक्त ने संबंधित प्रधान, पंचायत सचिव और तकनीकी सहायक से समानुपातिक वसूली के आदेश दिए हैं।
मनरेगा में जॉब कार्डधारकों को रोजगार की गारंटी के साथ ही एक वित्तीय वर्ष में 100 दिन के रोजगार की व्यवस्था दी गई है। चालू वित्तीय वर्ष में विकास खंड अहिरोरी, बावन, बेहंदर, भरावन, बिलग्राम, हरपालपुर, कोथावां, माधौगंज, संडीला और सुरसा में करीब 53 जॉब कार्डों पर धारक परिवारों को 100 दिन से अधिक का रोजगार दिया जा चुका है। अधिनियम की अनदेखी कर दिए गए रोजगार से जुड़ी खबर को अमर उजाला ने प्रमुखता से प्रकाशित किया।
खबर का संज्ञान लेते हुए श्रम रोजगार उपायुक्त रवि प्रकाश सिंह ने अहिरोरी, बावन, बेहंदर, भरावन, बिलग्राम, हरपालपुर, कोथावां, माधौगंज, संडीला और कोथावां के कार्यक्रम अधिकारियों को 100 दिन से अधिक के दिए गए रोजगार का ब्योरा भेजते हुए कहा है कि 100 से अधिक दिनों के लिए किए गए भुगतान की वसूली कराई जाए।