- टिकट को लेकर सबसे ज्यादा मारा मारी सत्ता दल भाजपा में
- बगावत और करीबी सियासत को लेकर खिल सकते हैं नए गुल
संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। निकाय चुनाव को लेकर चुनावी रणभेरी बज चुकी है। जिले की सबसे बड़ी और महत्वपूर्ण नगर पालिका माने जाने वाली हरदोई सदर पालिका के अध्यक्ष पद को लेकर सबकी निगाहें दलीय टिकट पर लग गई हैं। दलीय टिकटों में भी सत्ता दल भाजपा पर सभी की निगाहें हैं। सबसे ज्यादा दावेदार और दमदार टिकट के तलाशी लोग इसी सीट से हैं।
बताते चले हैं कि हरदोई सदर नगर पालिका अध्यक्ष सीट अनारक्षित होने से भाजपा में एक अनार सौ बीमार वाली कहावत चरितार्थ हो रही है। इस सीट से तमाम दमदार दावेदार हैं। इसमें सबसे ज्यादा दावा लगातार दस साल से नगर पालिका प्रशासन को निपुणता से चलाने वाले उमेश अग्रवाल का बताया जा रहा है। वहीं, इसी क्रम में भाजपा नेता पारूल दीक्षित, निवर्तमान अध्यक्ष सुखसागर मिश्रा, पूर्व अध्यक्ष राम प्रकाश शुक्ला, भाजपा महिला मोर्चा की जिलाध्यक्ष अलका गुप्ता, भाजपा नेता अविनाश मिश्रा, पारिषा तिवारी, सुहाना जैन, टिंकू सहित कई लोगों के नाम चर्चा में हैं।
भाजपा जिलाध्यक्ष सौरभ मिश्रा ने बताया कि दावेदारों के नाम की सूची नहीं बनी है। जो भी कार्यकर्ता टिकट मांगेंगे, उनका नाम पैनल में नियमानुसार पार्टी निर्देशानुसार बनाया जाएगा। टिकट देने का कार्य पार्टी हाईकमान से होगा। उधर सदर सीट से सपा के लिए भी इस सीट से बड़े चेहरे चुनाव में उतारे जा सकते हैं। यहां पर सबसे दिलचस्प मुकाबला होने की उम्मीद हैं। शाहाबाद नगर पालिका अध्यक्ष पद पर पिछले दो दशकों से पूर्व विधायक आसिफ खां बब्बू और उनके परिवार का कब्जा रहा है। सीट अनारक्षित होने से इस बार देखने वाली बात होगी कि इस परिवार का वर्चस्व बना रहेगा या फिर यह जादुई तिलिस्म टूटेगा। क्योंकि इस बार परिसीमन में सीमा विस्तार से नए समीकरण बनने की बात कही जा रही है।
इसी तरह से मल्लावां नगर पालिका सीट सहित कई सीटों पर टिकट से लेकर चुनाव तक मामला काफी दिलचस्प रहने की उम्मीद है। जिले में सात नगर पालिका और छह नगर पंचायतें हैं। गत चुनाव में भाजपा को केबल एक सीट पर सफलता मिली थी। बेनीगंज नगर पंचायत में अध्यक्ष पद पर भाजप प्रत्याशी की जीत हुई थी। इस बार संगठन जिताऊ प्रत्याशी को लेकर हर स्तर पर मंथन कर रहा है। उम्मीद है कि इस बार भाजपा ज्यादा से ज्यादा सीटों पर फतेह हासिल करना चाहेगी तो सपा, बसपा, कांग्रेस सहित निर्दल प्रत्याशी भी दमखम से अपना प्रदर्शन कर जीत हासिल करना चाहेंगे।