अतरौली। कोतवाली क्षेत्र के गांव चैंडोला सुजानपुर में आपत्तिजनक स्थिति में देख लेने पर चाची और उसके प्रेमी ने पांच साल की बच्ची की गला दबाकर व सिर पर ईंटों के प्रहार से हत्या कर दी। शव पड़ोसी के घेर में भूसे में दबा दिया। शनिवार सुबह पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बाद में मुकदमा दर्ज कर दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से जेल भेज दिया गया है।
गांव चैंडोला सुजानपुर निवासी बंटी लोधी पुत्र रमेश चंद मजदूरी करते हैं। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे उनकी पांच साल की बेटी कुमकुम अचानक लापता हो गई। परिवार ने नरौना-12 नंबर पुलिस चौकी में गुमशुदगी दर्ज कराई। बच्ची की बरामदगी के लिए सीओ मोहसिन खां ने कोतवाल रणजीत चौधरी, इंस्पेक्टर क्राइम प्रमोद कुमार व एसआई बृजमोहन सिंह के नेतृत्व में टीम का गठन किया। पुलिस ने गांव के केपी सिंह के घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे खंगाले तो बच्ची अपनी चाची आरती पत्नी सोनू कुमार के साथ जाती दिखी।
सख्ती से पूछताछ में आरती ने पुलिस को बताया कि गांव के भानुप्रकाश उर्फ कलुआ से उसके संबंध थे। पति सोनू ताला नगरी में एक फैक्टरी में मजदूरी करता है। शुक्रवार सुबह सोनू काम पर चला गया तो उसने प्रेमी को घर बुला लिया। दोनों आपत्तिजनक स्थिति में थे, तभी कुमकुम खेलते हुए वहां पहुंच गई। इसके बाद वह अपने घर चली गई। दोनों को डर था कि कुमकुम कहीं इस बात को अपने परिजनों को न बता दे। इसीलिए वह बच्ची को इशारे से बुलाकर अपने साथ ले गई। इसके बाद मुकेश के घेर में भानुप्रकाश के साथ मिलकर कुमकुम की गला दबाकर और सिर पर ईंटों के प्रहार से हत्या कर दी।
चाची के पास ज्यादा रहती थी कुमकुम
अतरौली। करीब छह माह पहले आरती की शादी सोनू के साथ हुई थी। शादी के बाद से कुमकुम अधिकतर समय अपनी चाची आरती के पास रहती थी और उसी के पास खेलती थी। शुक्रवार को बच्ची खेलते-खेलते चाची के घर पहुंच गई। वहां पर उसने आरती व उसके प्रेमी भानु को आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। प्रेम संबंधों के चलते आरती के दिमाग में ऐसी सनक सवार हुई कि यदि कुमकुम जिंदा रही तो उसका राजफाश हो जाएगा। अपनी करतूत छिपाने के लिए दोनों ने मासूम बच्ची को बेरहमी से मार डाला। इतना ही नहीं, आरती ने घरवालों और पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की।
कुमकुम के अचानक गायब होने से परिवार बेहद परेशान था। आरती भी गुमसुम होने का नाटक कर रही थी। कुमकुम की बात कर वह आंखों में आंसू भर लेती थी। घरवाले समझते थे कि आरती काे कुमकुम से बेहद लगाव है, इसलिए उसे उसकी याद सता रही है। आरती ने घरवालों को इस बात की भनक तक नहीं लगने दी कि वह कुमकुम के खून से अपने हाथ रंग चुकी है। पुलिस ने जब सीसीटीवी कैमरे खंगाले तब शक आरती पर गया। पहले उसने पुलिस को बरगलाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस द्वारा सख्ती पर वह टूट गई और घटना का राजफाश कर दिया। आरती के कबूलनामे से परिजनों के पैरों तले की जमीन खिसक गई। वहीं, गिरफ्तारी के बाद आरती कहना था कि जिस राज को छुपाने के लिए उसने कुमकुम को मारा, वह अब सबके सामने आ चुका है। आरती और भानु की इस करतूत पर पूरा गांव उनको कोस रहा है।
बच्ची के गायब होने की सूचना पर पुलिस टीम, फॉरेंसिक, डॉग स्क्वायड को खुलासे के लिए लगाया गया था। सीसीटीवी की भी मदद ली गई। पुलिस ने जांच में पाया कि संबंध छिपाने के लिए बच्ची की चाची ने प्रेमी के साथ मिलकर उसकी हत्या की है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त ईंट बरामद कर ली गई है। आरोपियों को जेल भेज दिया गया है। - पलाश बंसल, एसपी देहात।