फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Hardoi News: अलंकार में धांधली का चमत्कार, 11 लाख में बनी 73 मीटर दीवार

विज्ञापन
विज्ञापन
हरदोई। प्रोजेक्ट अलंकार के तहत विद्यालयों की दशा सुधारने के लिए शासन से भेजी गई धनराशि से विभागीय लोगों की दशा सुधर रही है। विद्यालयों में सिर्फ चहारदीवार के निर्माण कार्य में सारी धनराशि व्यय कर दी गई। हाल यह है कि 73 मीटर की चहारदीवारी में 11 लाख रुपये व्यय कर दिए गए है और विद्यालयों को इसकी जानकारी भी नहीं हैं।
विज्ञापन

ग्रामीण अभियंत्रण विभाग (आरईडी) की ओर से इसका निर्माण कार्य कराया जा रहा है। विभाग के मानकों पर तौला जाय तो 4600 से पांच हजार रुपये प्रति मीटर के हिसाब से चहारदीवारी पर खर्च होता है। ऐसे में अधिकतम छह लाख रुपये इस कार्य पर खर्च हुए होंगे।
शासन की ओर से राजकीय व एडेड विद्यालयों की दशा सुधारने और संसाधन उपलब्ध कराने के लिए प्रोजेक्ट अलंकार शुरू किया गया है। राजकीय विद्यालयों को शासन की ओर से आवंटित शत प्रतिशत धनराशि उपलब्ध कराई जाती है। एडेड विद्यालयों में 50 प्रतिशत की धनराशि प्रबंध समिति को व्यय करनी होती है। प्रोजेक्ट के तहत प्रथम चरण में जनपद के दो राजकीय इंटर कॉलेज को चयनित किया गया था। इनमें राजकीय इंटर कॉलेज हरदोई और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज संडीला शामिल थे।
विज्ञापन

राजकीय इंटर कॉलेज के लिए 22 लाख 78 हजार रुपये की धनराशि आवंटित हुई थी। इसकी प्रथम किस्त के रूप में 11 लाख 39 हजार रुपये की धनराशि जारी की गई। राजकीय इंटर कॉलेज में 11 लाख 39 हजार रुपये से सिर्फ 73 मीटर की चहारदीवारी बनाई गई है। इसके अलावा कोई कार्य नहीं कराया गया और सारी धनराशि व्यय दर्शा दी गई।
राजकीय बालिका इंटर कॉलेज संडीला के लिए 18 लाख 60 हजार रुपये आवंटित हुए थे। इसमें से नौ लाख 30 हजार प्रथम किस्त के रूप में जारी किए गए। इससे वहां पर मात्र 45 मीटर चहारदीवारी का निर्माण कराया गया है और धनराशि व्यय दर्शा दी गई।
द्वितीय चरण में राजकीय इंटर कॉलेज टड़ियावां और राजकीय बालिका इंटर कॉलेज पिहानी का चयन किया गया। राजकीय इंटर कॉलेज टड़ियावां के लिए 17.40 लाख रुपये आवंटित हुए हैं। इसकी पहली किस्त की धनराशि 8.70 लाख रुपये कार्यदायी संस्था को स्थानांतरित किए जा चुके हैं।
वहीं, राजकीय बालिका इंटर कॉलेज पिहानी के लिए 12.56 लाख रुपये आवंटित किए गए। इसमें से 6.28 लाख रुपये की प्रथम किस्त की धनराशि भी कार्यदायी संस्था को जारी की जा चुकी है। मगर अभी तक इन दोनों विद्यालयों में कार्य शुरू नहीं हो सका है।

यह है चारदीवारी के विभागीय रेट
शिक्षा विभाग : तीन हजार से 3500 रुपये प्रति मीटर।
आरईएस : 4600 से पांच हजार रुपये प्रति मीटर सबसे बेहतर चारदीवारी का रेट अधिकतम- 6500 से सात हजार रुपये।

बोले जिम्मेदार
विद्यालय में सिर्फ 73 मीटर चहारदीवारी का निर्माण कार्य कराया गया है, जो कार्यदायी संस्था ने कराया है। संस्था को 11 लाख 39 हजार रुपये प्रथम किस्त के रूप में दिए गए थे। इससे अधिक जानकारी नहीं है।
- टीआरवर्मा, प्रधानाचार्य जीआईसी, हरदोई

विद्यालय में सिर्फ चहारदीवारी का निर्माण कार्य हुआ है। लगभग चालीस से पचास मीटर चहारदीवारी बनी है, जो कार्यदायी संस्था ने बनाई है। इससे अधिक जानकारी नहीं है।
- डाॅ. अंजू सिंह, प्रधानाचार्य, जीजीआईसी
संडीला विभाग को जो धनराशि मिली थी। उससे कार्य करा दिया गया है। आवंटित धनराशि में 30 प्रतिशत धनराशि सरकारी व्यय के रूप में खर्च होती है। शेष कार्य द्वितीय किस्त की धनराशि मिलने पर कराया जाएगा। नए चयनित विद्यालयों में कार्य के लिए टेंडर प्रक्रिया चल रही है।
विज्ञापन

- पुनीत गुप्ता, अवर अभियंता, आरईडी
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें