संवाद न्यूज़ एजेंसी
हरदोई। मेडिकल काॅलेज के अधीन संचालित जिला अस्पताल व जिला महिला अस्पताल में शुक्रवार को पांच घंटे बिजली गुल रही। इसके कारण मरीजों को जांच के लिए पांच घंटे का इंतजार करना पड़ा। कई मरीज तो बिना जांच कराए ही वापस चले गए। जिम्मेदारों ने बताया कि बिजली लाइन पर कहीं काम चल रहा था। जिसके कारण परेशानी हुई।
मेडिकल कॉलेज में 24 घंटे बिजली आपूर्ति होने के लिए रिजर्व फीडर अस्पताल परिसर में लगा है। लाइन भी रिजर्व है। इसके बाद भी आए दिन बिजली की दिक्कत बनी रहती है। शु़क्रवार को सुबह सात बजे से 12 बजे तक बिजली नहीं आई। इसके कारण शुक्रवार को एक्सरे विभाग में 90 मरीजों को लाइन में लगकर जांच के लिए इंतजार करना पड़ा।
सीटी स्कैन कराने आए मरीजों को भी परेशानियों का सामना करना पड़ा। इसके अलावा सेंट्रल पैथाेलॉजी में बिजली न होने के कारण सभी मशीनें पांच घंटे बंद रहीं। खून की जांच कराने आए करीब 300 लोगों को बिजली आने तक इंतजार करना पड़ा। हालांकि जिम्मेदारों की ओर से जेनरेटर चलवाया गया, लेकिन इससे एक्सरे व सिटी स्कैन और पैथाेलॉजी की मशीन चालू नहीं की जा सकीं।
इस बारे में सीटी स्कैन के प्रभारी अंकित कुमार ने बताया कि मशीन को चलाने के लिए 120 किलोवाट बिजली चाहिए जबकि एक जेनरेटर की क्षमता 75 किलोवाट है। इस कारण एक्स रे मशीन तक नहीं चल पाई।
केस-एक
सांडी थाना क्षेत्र के ढोंढपुर निवासी नन्हें सिंह शुक्रवार को अपने चाचा विनोद सिंह का एक्स-रे कराने के लिए आया था। नन्हे ने बताया की सुबह सात बजे से 12 बजे तक लाइन में खड़े होकर इंतजार करते हो गया है, लेकिन जांच नही हो सकी। वह मायूस होकर वापस घर चले गए।
केस- दो
सुरसा थाना के तुंदुवल गांव निवासी रामसनेही अपनी पुत्री सरिता का सीटी स्कैन करने के लिए मेडिकल कॉलेज आया था। उनका कहना है सुबह सात बजे से 12 बजे तक लाइन में लग रहे, लेकिन अभी जांच नहीं हो पाई है। कर्मचारियों से पूछने पर बताया गया है कि सुबह से बिजली नहीं आ रही है। जिसके कारण मशीन नहीं चल पा रही है।
वर्जन
मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार को बिजली में आने के कारण थोड़ी देर स्वास्थ्य व्यवस्थाएं प्रभावित हुई है। फिलहाल जेनरेटर चलाया गया था। 12 बजे के बाद बिजली आ गई थी । जिससे जांच शुरु हो गई थी।
डॉ. जेके वर्मा सीएमएस