प्रार्थनापत्र के साथ पीड़ित किसान गंगासागर
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बेहटागोकुल। लेखपाल और ग्राम प्रधानों की मिलीभगत से चलते आम लोग परेशान हैं। कहीं उन्हें सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित कराया जा रहा है तो कहीं कागजों में मृत दिखाया जा रहा है। ऐसा ही मामला जिले के ग्राम बेहटा गोकुल में सामने आया है। पीड़ित ने डीएम को पत्र भेजकर कहा कि वह जिंदा है, उसे गन्ना बेचने की पर्ची दिखाई जाए।
बेहटा गोकुल निवासी गंगासागर ने डीएम को शिकायतीपत्र भेजकर खुद को मृतक दिखाने का आरोप लगाया है। उसने बताया कि 32 बीघा खेत में गन्ने की फसल है। सोसाइटी ने गन्ने का सर्वे भी कराया, लेकिन उसकी पर्ची नहीं बनाई गई। जब संपर्क किया तो पता चला कि उसे मृत दिखा दिया गया है। उसके नाम के गन्ना तौल पर्ची बंद हो गई है। पर्ची न मिलने से वे 32 बीघा गन्ने की फसल औने-पौने दामों पर बेचने को मजबूर हैं। आरोप है कि लेखपाल और प्रधान ने मिलकर उसको कागजों में मृत लिखवा दिया है। पीड़ित ने डीएम से कार्रवाई की मांग की है।