हरदोई। अपर सत्र न्यायाधीश (एफटीसी) के जज लोकेश नागर ने दहेज हत्या के दोषी पिता-पुत्र को 10-10 वर्ष की सजा सुनाई है। इसके साथ ही दोनों पर 15-15 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। सजा सुनाए जाने के बाद दोनों को पुलिस अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
शाहजहांपुर जनपद के थाना अल्लाहगंज के गांव चिलौआ निवासी आनंद कुमार ने 25 अप्रैल 2014 को थाना शाहाबाद में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें बताया था कि बहन गौरी की शादी 15 दिसंबर 2013 को शाहाबाद कस्बे के मोहल्ला बुध बाजार निवासी विशाल के साथ की थी।
शादी में सामर्थ्य के अनुसार दहेज दिया था। इसके बाद भी बहन को ससुराली परेशान कर रहे थे। मांग पूरी न होने के कारण उसकी बहन को 24 अप्रैल 2014 को जलाकर मार डाला था।
तहरीर के आधार पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की थी। विवेचना के बाद अंतिम रिपोर्ट लगा दी थी। आनंद ने कोर्ट में प्रोटेस्ट पिटीशन दायर की। पिटीशन को संज्ञान में लेकर कोर्ट ने दोषियों को तलब किया था। जिसकी सुनवाई यहां न्यायालय में चल रही थी।
अभियोजन पक्ष से पैरवी कर रहे प्रमेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद जज ने पिता व पुत्र को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।