हरदोई। मौसम के बदले रुख ने इस बार किसानों और व्यापारियों को नुकसान पहुंचाया। साेमवार रात शुरू हुई बारिश मंगलवार सुबह तक रुक-रुककर जारी रही। इससे खेतों में कटा रखा और मंडियों में खुले में रखा अनाज भीग गया। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो 10 मिलीमीटर बारिश हुई है।
मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। इसके चलते सोमवार की रात व मंगलवार की भोर में बारिश हो गई। मई के पहले दिन और रात में 10 मिमी. हुई बारिश से खेतों से लेकर मंडियों तक में अनाज भीग गया। अचानक हुए मौसम के इस बदलाव और बारिश को लेकर किसान और व्यापारी तैयार नहीं थे। जिसके कारण सभी को परेशान होना पड़ा।
मंगलवार को पूरे दिन आसमान में बादल छाए रहे और कहीं-कहीं बूंदाबांदी भी हुई। हवाएं चलने और मौसम के बदलने से लोगों को गर्मी से राहत मिली, मगर किसानों के चेहरे पर चिंता की लकीरें खिंची हुई है। मई की शुरुआत में तपन के स्थान पर बारिश से हुई। इस कारण तापमान गिरा हुआ है। सोमवार को सुबह से ही आसमान में घने बादल छा गए थे और देर शाम बाद बूंदाबांदी के बाद रात में बारिश हुई। इसका असर मंगलवार को भी रहा।
मंडी समिति के व्यापारियों ने बताया कि अचानक हुई बारिश से गल्ला मंडी में खुले में लगे अनाज के बोरे भीग गए हैं। कई क्विंटल गेहूं खराब होने की आशंका है।
25 फीसदी अनाज घर नहीं पहुंच पाया
किसान चंदर, गोविंद आदि ने बताया कि अभी भी गेहूं की मढ़ाई के साथ भूसे को घर लाने में किसान जुटे हैं। करीब 25 फीसदी किसानों का भूसा अनाज आदि घर नहीं पहुंच पाया है। ऐसे में बारिश ने किसानों को परेशान कर दिया। मंडी व्यापारी कमलेश, संदीप आदि ने बताया कि अचानक बारिश से खुले में लगा अनाज के बोरे भीग गए। अब बारिश की संभावनाओं के बीच आवश्यक व्यवस्था की गई है। मंडी सचिव बब्लू कुमार ने बताया कि मौसम के मिजाज चौंका रहे हैं। किसानों व व्यापारियों को मौसम को लेकर सजग रहने की अपील की गई है।