संवाद न्यूज एजेंसी
हरदोई। कृषि महाविद्यालय की कक्षाओं का संचालन शुरू होगा है। प्रथम सेमेस्टर की कक्षाएं विश्वविद्यालय परिसर में चल रही हैं। द्वितीय सेमेस्टर की कक्षाएं नवंबर से महाविद्यालय परिसर में संचालित होने लगेगी।
जिले में वर्ष 2013-14 में कृषि महाविद्यालय के स्थापना की घोषणा की गई थी। भवन निर्माण के लिए कृषि विभाग की ओर से कृषि फार्म की 6.6097 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराई गई थी। वर्ष 2015 में भवन निर्माण शुरू हुआ। विभागीय निर्देशानुसार वर्ष 2018 में महाविद्यालय में कक्षाएं शुरू होनी थी। मगर भवन का निर्माण कार्य 27 दिसंबर 2019 में पूर्ण हो सका। जिस पर 1155.56 लाख रुपये व्यय किए गए। कोरोना काल के दौरान महाविद्यालय के संचालन की प्रक्रिया रूक गई थी।
कोरोना के बाद प्रक्रिया शुरू हुई, मगर प्रयोगात्मक कार्य के लिए भूमि न मिलने से संचालन लटक गया। राजस्व विभाग की ओर से महाविद्यालय के आस-पास जमीन नहीं उपलब्ध कराई गई। जिस पर कृषि विभाग की ओर से 23.3903 हेक्टेयर भूमि उपलब्ध कराई गई। विश्वविद्यालय की ओर से जुलाई में प्रवेश प्रक्रिया के लिए काउंसिलिंग कराई गई थी। जिसमें जिले के कृषि महाविद्यालय के लिए आवंटित 60 सीटों के लिए काउंसिलिंग हुई थी।
उप निदेशक कृषि नंद किशोर ने बताया कि विश्व विद्यालय की ओर से प्रथम सेमेस्टर की कक्षाएं विश्वविद्यालय परिसर में शुरू कर दी गई है। विश्व विद्यालय की ओर से स्टाफ का भी चयन किया जा रहा है। नवंबर से द्वितीय सेमेस्टर की कक्षाएं महाविद्यालय में संचालित होने लगेंगी। उच्च शिक्षा नोडल अधिकारी महाराणा प्रताप राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. नेत्रपाल सिंह ने बताया कि महाविद्यालय उनकी देखरेख में है। विश्वविद्यालय के कुलपति से वार्ता के बाद ही महाविद्यालय के संचालन की तिथि स्पष्ट हो सकेगी।