फोटो-27- अंतर राष्ट्रीय कोच पूनम तिवारी। स्रोत: स्वयं
- फोटो : 1
हरदोई। महिला का संघर्ष ही उसकी सफलता की असली कहानी लिखता है। यह पंक्तियां आज हमारे जिले की उन बेटियों पर सटीक बैठती हैं जिन्होंने समाज की बंदिशों और घर की चारदीवारी को पीछे छोड़ते हुए खेल के मैदान में अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया है। आज ये महिलाएं न केवल आत्मनिर्भर हैं बल्कि अपने कड़े संघर्ष की बदौलत पूरे जिले के लिए प्रेरणा स्रोत बन गई हैं। कुश्ती हो, एथलेटिक्स हो या क्रिकेट हर क्षेत्र में जिले की बेटियों ने अपना परचम लहराया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर तक जिले का नाम रोशन करने वाली ऐसी ही एक महिला खिलाड़ी पूनम तिवारी हैं। जिन्होंने साबित कर दिया है कि अगर हौसला बुलंद हो तो कोई बाधा बड़ी नहीं होती।