हापुड़। बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने वकील व उसके पिता के खिलाफ फर्जी मुकदमा दर्ज होने के विरोध में न्यायिक कार्य नहीं किया। मुकदमा वापस न लेने पर मंगलवार को तहसील चौराहा पर जाम लगाने की चेतावनी दी है। जिसको लेकर अधिवक्ताओं ने सीओ को ज्ञापन भी दिया है।
महिला अधिवक्ता व सिपाही के बीच तीन दिन पहले हुआ विवाद काफी बढ़ गया है। जिसके चलते अधिवक्ता पुलिस महकमे के खिलाफ लामबंद हो गए। अधिवक्ताओं ने सोमवार को हड़ताल कर पुलिस की कार्यप्रणाली का कड़ा विरोध किया। इतना ही नहीं अधिवक्ताओं ने अपनी मांगों को लेकर एसपी के लिए सीओ को ज्ञापन भी सौंपा। जिसमें स्पष्ट कहा गया कि उनकी मांगों को नहीं माना गया तो अधिवक्ता बड़ा आंदोलन करने से भी पीछे नहीं रहेंगे। हापुड़ के अधिवक्ताओं की बैठक में गाजियाबाद बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी भाग लिया।
एसोसिएशन के अध्यक्ष ऐनुल हक व सचिव नरेंद्र शर्मा ने बताया कि एक सिपाही द्वारा महिला अधिवक्ता प्रिंयका त्यागी के साथ अभद्र व्यवहार किया गया। इसके बाद भी पुलिस ने उल्टा अधिवक्ता प्रियंका व उसके पिता के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर दिया। इतना ही नहीं थानाध्यक्ष द्वारा वकीलों के विरुद्ध अमर्यादित भाषा का प्रयोग किया गया। महिला अधिवक्ता व उसके पिता पर दर्ज किए गए मुकदमे को तुरंत वापस लेने और सिपाही के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाए। वहीं, थानाध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। उनकी मांगों को शीघ्र पूरा नहीं किया गया तो अधिवक्ता मंगलवार को तहसील चौराहे को जाम करेंगे। उन्होंने कहा कि अधिवक्ताओं के सम्मान से किसी भी सूरत में समझौता नहीं किया जाएगा।