हापुड़। बुलंदशहर रोड आवास विकास में बिना पंजीकरण चल रहे त्यागी नर्सिंग होम पर बुधवार को स्वास्थ्य विभाग ने छापा मारा। मौके पर तीन मरीज भर्ती मिले, जिनमें दो का हाल ही में हार्निया और पित्त की थैली का ऑपरेशन हुआ था। गाजियाबाद के चिकित्सक द्वारा ऑपरेशन किए जाने की बात कही गई, मौके पर मौजूद डॉक्टर बीएमएस की डिग्री दिखा पाया। नोटिस जारी कर तीन दिन का समय दिया गया है।
आवास विकास में सालों से यह अस्पताल चल रहा था। लेकिन स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने तमाम निरीक्षण के बावजूद इस अस्पताल पर कार्रवाई नहीं की। बुधवार को टीम क्षेत्र में पहुंची। वहां, त्यागी नर्सिंग होम के नाम से चलाए जा रहे अस्पताल की जांच की गई। पड़ताल में अस्पताल का रजिस्ट्रेशन नहीं मिला।
जबकि छह से आठ बेड के इस अस्पताल में तमाम वह कार्य किए जा रहे थे जो बड़े अस्पतालों में होते हैं। दिलचस्प बात यह है कि इस अस्पताल का जिम्मेदार चिकित्सक बीएमएस डिग्री धारक है। वार्ड में ऑपरेशन वाले दो मरीज मिले, पूछताछ में बताया कि एक का पित्त की थैली का ऑपरेशन हुआ है, जबकि दूसरे का हार्निया का ऑपरेशन हुआ है। एक मरीज किसी अन्य बीमारी से पीड़ित मिला जो भर्ती था।
बहरहाल, स्वास्थ्य विभाग की टीम चिकित्सक को नोटिस थमाकर चली आई। मौके पर सक्षम चिकित्सक और पंजीकरण के दस्तावेज न दिखाने पर भी सीलिंग की कार्रवाई नहीं की गई। मुख्य बात यह है कि गाजियाबाद के चिकित्सक आकर यहां ऑपरेशन कर रहे हैं, उनके सक्षम होने का प्रमाण भी अभी तक नहीं मिला है।
प्रसव में प्रयुक्त औजार और टेबल भी मिली
अस्पताल में प्रसव भी कराए जाते थे, अस्पताल में प्रसव के दौरान प्रयुक्त किए जाने वाले औजार और टेबल भी मिली है। हालांकि गर्भवती अस्पताल में नहीं मिल सकीं।
अफसरों की मेहरबानी से चल रहे बिना रजिस्ट्रेशन के अस्पताल
जिले में बड़ी संख्या में अभी भी बिना रजिस्ट्रेशन के ही अस्पताल चलाए जा रहे हैं। इन्हें अफसरों का संरक्षण मिला है, मरीजों की आए दिन जान जाती है। लेकिन विभाग कार्रवाई के नाम पर सिर्फ नोटिस भेजकर खानापूर्ति होती है।
तीन दिन का दिया है समय
आवास विकास में चल रहे त्यागी नर्सिंग होम का विभाग में पंजीकरण नहीं है। मौके पर दो ऑपरेशन के मरीज भर्ती मिले हैं, चिकित्सक को नोटिस देकर तीन दिन का समय दिया गया है। इस मामले में सख्त से सख्त कार्रवाई होगी।डॉ.केपी सिंह, एसीएमओ।