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बिना पंजीकरण चल रही पैथेलॉजी लैब सील, दो अस्पताल और 9 झोलाछापों को नोटिस

सार

बिना पंजीकरण चल रही पैथेलॉजी लैब सील, दो अस्पताल और 9 झोलाछापों को नोटिस हापुड़।इस क्षेत्र में कुछ ही महीनों पहले एक अस्पताल भी बिना पंजीकरण प्रसूताओं का प्रसव कराया जा रहा था।एक लैब सील की गई है, झोलाछापों को नोटिस देकर दस्तावेज मांगे गए हैं।
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विस्तार
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बिना पंजीकरण चल रही पैथेलॉजी लैब सील, दो अस्पताल और 9 झोलाछापों को नोटिस
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हापुड़। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने सिंभावली के बक्सर में बिना पंजीकरण चल रही पैथेलॉजी लैब को सील कर दिया है। साथ ही दो क्लीनिक और 9 झोलाछापों को नोटिस दिया है। एक अस्पताल में बिना पंजीकरण ऑपरेशन के बाद वाले मरीज भी भर्ती पाए गए। दस्तावेज दिखाने का दो दिन का समय दिया गया है।
स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर जिले में जमकर फर्जीवाड़ा हो रहा है। एक ही सर्जन के नाम पर दस से अधिक अस्पतालों में सर्जरी हो रही हैं। स्वास्थ्य विभाग इसका पर्दाफाश करने में फेल हो रहा है। आए दिन झोलाछापों को नोटिस दिया जाता है, लेकिन कार्रवाई करने के बजाय उन्हें छोड़ दिया जाता है।
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अब स्वास्थ्य विभाग ने फिर से मुहिम शुरू की है। बृहस्पतिवार को एसीएमओ डॉ.केपी सिंह, एआरओ आनंद कुमार समेत टीम ने सिंभावली के बक्सर में बिना पंजीकरण चल रही जनता पैथ लैब को सील कर दिया, वहीं क्षेत्र में 9 झोलाछापों को नोटिस दिए गए हैं। इसके अलावा स्वर्ग आश्रम रोड पर भारत और राठी क्लीनिक पर भी दो दिन पहले कार्रवाई की गई थी।
जांच में भारत चैरिटेबल हास्पिटल का पंजीकरण नहीं मिला था, यहां तक ही अस्पताल में ऑपरेशन के मरीज भर्ती मिले थे। इस क्षेत्र में कुछ ही महीनों पहले एक अस्पताल भी बिना पंजीकरण प्रसूताओं का प्रसव कराया जा रहा था। जिसे सील किया गया था। लेकिन इसका नाम बदलकर फिर से चालू कर दिया गया। बहरहाल, इन दोनों ही अस्पतालों को दो दिन का समय दिया गया है। स्वास्थ्य अफसरों के अनुसार बृहस्पतिवार तक इन अस्पतालों ने कोई दस्तावेज नहीं दिखाया है।
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कोट
जिले में बिना पंजीकरण अस्पताल चलाने वाले सुधर जाएं। मरीजों की जान से खिलवाड़ किसी स्थिति में नहीं करने दिया जाएगा। एक लैब सील की गई है, झोलाछापों को नोटिस देकर दस्तावेज मांगे गए हैं। दस्तावेज नहीं देने पर सीलिंग की कार्रवाई होगी।--डॉ.सुनील कुमार, सीएमओ।
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