कोहरा और गलन के चलते मंगलवार रात और बुधवार सुबह भी यातायात बुरी तरह से प्रभावित रहा। कोहरे के कारण हाईवे पर बदरखा मोड़ पर मंगलवार रात दस बजे एक के बाद एक कई वाहनों के भिड़ने से दंपति समेत आठ लोग घायल हो गए।
पुलिसकर्मियों ने सभी को गढ़-चौपला के नर्सिंग होम में भर्ती कराया, जहां से बरेली निवासी एक व्यक्ति को गंभीर हालत में मेरठ रेफर किया गया है। उधर, बुधवार को अधिकतम तापमान 16.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान घटकर 6.9 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया।
मकर संक्रांति के बाद ठंड का थमने से मौसम खुशगवार होने लगता है, परंतु मौसम चक्र में आए बदलाव से इस बार मकर संक्रांति के बाद कड़कड़ाती सर्दी और कोहरा बढ़ गया है। कोहरे के चलते मंगलवार रात और बुधवार सुबह वाहन चालकों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इसके चलते अधिकांश चालक अपने वाहनों को होटल-ढाबों समेत गांवों की आबादी में रोकने को मजबूर हो गए। वहीं, कोहरे के चलते नेशनल हाईवे पर बदरखा मोड़ पर पीछे से आ रही कैंटर ने मंगलवार रात 10 बजे गजरौला की तरफ जा रही कार को टक्कर मार दी।
इसी दौरान पीछे से आ रही दूसरी कार और एक मिनी ट्रक भी टकरा गए। इस हादसे में अब्दुल्ला, उनकी पत्नी सलीमा, चालक हसनैन निवासी चंदौसी, रामपाल, विवेक निवासी मुरादाबाद, यशपाल, मुबारक खां और वेदसिंह निवासी बरेली घायल हो गए।
सूचना पर पहुंची पुलिस घायलों को एनएचएआई की एंबुलेंस से गढ़-चौपला के नर्सिंग होम को ले गई, जहां से यशपाल को मेरठ रेफर कर दिया गया। मौसम वैज्ञानिक डॉ. नफीस चौधरी का कहना है कि पहाड़ों पर बर्फबारी होने से हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में ठंड का जो प्रकोप बना हुआ है।