दिल्ली रोड स्थित एक फैक्ट्री में बुधवार शाम फॉगिंग करने के बाद अचानक तबीयत बिगड़ने से इंद्रगढ़ी के युवक की मौत हो गई। बृहस्पतिवार सुबह ग्रामीणों के साथ परिजनों ने हंगामा कर यातायात बाधित कर दिया।
साथ ही फैक्ट्री प्रबंधन का घेराव कर मुआवजे की मांग की। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा दिया है। जानकारी के अनुसार इंद्रगढ़ी निवासी सोनू दिल्ली रोड स्थित फैक्ट्री में ठेकेदार के अधीन काम करता था।
बुधवार शाम उसने फैक्ट्री के पार्क में पौधो पर फॉगिंग की। फैक्ट्री के एक अधिकारी का कहना है कि काम समाप्त करने के बाद अचानक उसकी तबीयत बिगड़ गई। सोनू को तत्काल सरस्वती मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराकर परिवार को सूचना दी गई।
बताया जा रहा है कि रात करीब दस बजे सोनू की हालत बिगड़ने लगी तो चिकित्सकों ने उसे रेफर कर दिया। परिजन सोनू को लेकर गाजियाबाद के एक निजी अस्पताल में पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सोनू की मौत के बाद देर रात परिजन शव को लेकर घर आ गए और बृहस्पतिवार सुबह दिन निकलते ही भीड़ ने हंगामा करना शुरू कर दिया। इस दौरान फैक्ट्री के कुछ अधिकारी पहुंचे तो ग्रामीणों ने उन्हें घेर लिया और फैक्ट्री मालिक को मौके पर बुलाने की जिद करने लगे।
इस दौरान लोगों ने सड़क के बीचोंबीच घोड़ा तांगा व वाहन खड़े कर आवागमन बाधित कर दिया। लगभग एक घंटे तक ग्रामीणों का हंगामा जारी रहा। काफी देर बाद पुलिस मौके पर पहुंची। का समझा-बुझाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा तो यातायात सुचारु हो पाया।
थाना प्रभारी दीक्षित त्यागी का कहना है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा।
फैक्ट्री के एक वरिष्ठ प्रबंधक का कहना है कि वैसे तो सोनू ठेकेदार के अधीन काम करता था लेकिन उसे ईएसआई, पीएफ, बीमा आदि की तमाम सुविधाओं का लाभ आश्रितों को दिया जाएगा।
साथ ही उसके बच्चों की पढाई का प्रबंध भी फैक्ट्री प्रबंधन करेगा। परिवार का कोई सदस्य अगर नौकरी करना चाहेगा तो उस पर भी विचार किया जाएगा।