चश्मदीद ने सुनाई हादसे की कहानी
मोहल्ला रामगंज निवासी रविंद्र त्यागी ने बताया कि सुबह करीब साढ़े सात बजे उसका पुत्र देवांश त्यागी रेलवे रोड पर साइकिल चला रहा था। देवी मंदिर के सामने खाली पड़े प्लॉट में खूंखार कुत्तों का झुंड रहता है, जो लोगों के पीछे दौड़ पड़ता है। सोमवार सुबह देवांश पर इन कुत्तों ने हमला कर दिया। साइकिल से गिरकर देवांश चिल्लाता रहा, कुत्तों ने उसे आठ स्थानों पर नोंचा। कमर का मांस तक निकाल दिया। सुबह टहलने निकले लोगों ने किसी तरह बच्चे को बचाया।
गंभीर हालत में बच्चे को अस्पताल में किया भर्ती
रविंद्र त्यागी ने बताया कि रामगंज से मोर कोठी और पटेलनगर से पंजाबी कॉलोनी के बीच ऐसे बहुत से खूंखार कुत्ते हैं, जो बच्चों को देखते ही हमला करने को तैयार रहते हैं। देवांश को अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन उसका खून का बहाना नहीं रुक रहा है। हाफिजपुर क्षेत्र में भी दक्ष नाम के बच्चे को घर के बाहर ही कुत्तों ने घेर लिया। उसके पैर को बुरी तरह जख्मी कर दिया, ग्रामीणों ने बच्चे को किसी तरह बचाया। इम्टौरी में आकाश को कुत्तों ने शिकार बनाया, उसे पांच से अधिक स्थानों पर काटा है। वहीं बुलंदशहर रोड निवासी आमिर पर भी कुत्ते झपट पड़े। उसने सरकारी अस्पताल पहुंचकर इलाज कराया।
सात दिन में 2100 लोगों को बनाया शिकार
भीषण गर्मी के प्रकोप के चलते कुत्ते खूंखार हो गए हैं। सात दिन के अंदर ही 2100 लोगों को कुत्तों ने शिकार बनाया है। हापुड़ के सीएचसी, जिला अस्पताल, गढ़ सीएचसी, सिखैड़ा सीएचसी, धौलाना सीएचसी में लोगों को वैक्सीन लगाई गई है।