सरीला (हमीरपुर)। जलालपुर, मसीदन गांव में चार माह से पीने के पानी का संकट है। जल निगम की टंकी शोपीस बनी हुई है। ग्रामीणों को हैंडपंप व कुओं से पानी निकालकर प्यास बुझानी पड़ रही है।
जलालपुर गांव के प्रभांशु, शिवम पांडेय, राजेंद्र, फूलसिंह सैनी और मसीदन के देवसिंह निषाद, भूरा ने बताया कि जलालपुर गांव में बनी पानी की टंकी से दोनों गांव में पानी की सप्लाई की जाती है। चार माह से पेयजल सप्लाई ठप है। ऑपरेटर मुन्नीलाल को एक वर्ष से मानदेय नही मिला है जिससे वह नलकूप वह सप्लाई नहीं दे रहा है। साथ ही गांव में पंचायत भवन और मोबाइल टावर के पास दो माह से नलकूप से टंकी में सप्लाई करने वाली मुख्य लाइन टूटी पड़ी है। अधिकारियों से शिकायत के बाद भी ठीक नहीं हुई है।
अवर अभियंता एस. कुमार ने बताया कि जलालपुर पानी टंकी से 10 से 15 दिन से सप्लाई बंद होने की सूचना है। लाइन में लीकेज है। मेंटिनेंस व रखरखाव के लिए जल निगम के पास कोई धन आवंटित नहीं है। योजना 30 वर्ष से अधिक समय पूर्ण कर चुकी है अब आंशिक रूप से ही चालू है।
23 दिन से खड़ेहीलोधन में पानी का संकट
गहरौली (हमीरपुर)। खड़ेहीलोधन में 23 दिनों से ग्रामीणों को पानी नहीं मिल पा रहा है। इससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
मुस्करा विकास खंड क्षेत्र के गांव खड़ेही लोधन के ग्रामीणों को शुद्ध पेयजल मुहैया कराने के लिए साल 2010 में जल निगम ने पानी की टंकी का निर्माण कराया गया था। टंकी से लगभग 400 परिवारों को पानी मुहैया कराया जाता है। एक नवंबर से आपूर्ति पूर्ण रुप से बंद है। गांव के रविकिरण राजपूत, महेंद्र कुमार, नूर मोहम्मद, अवधेश, रज्जु, संजय, अभिषेक, अंकित कुमार, शिवपूजन सहित गांव के कई ग्रामीणों ने सोमवार को पानी की टंकी के बाहर खड़ा होकर हंगामा किया था। क्षेत्रीय राठ विधायक मनीषा अनुरागी सहित मुख्य विकास अधिकारी हमीरपुर को भी दूरभाष के माध्यम से पेयजल आपूर्ति बहाल कराए जाने की मांग की है।
आपरेटर कल्लू अहिरवार ने बताया की पाइप लाइन में कई छोटे-बडे़ लीकेज हैं। लिखित शिकायत के लिए विभाग सामान उपलब्ध नहीं करा रहा है। बताया कि एक साल से मेरी मजदूरी का भुगतान भी नहीं हुआ है।