भरुआ सुमेरपुर। कस्बे में पेट्रोल पंप के निकट ढाबा चलाने वाले मथुरा जिले के संचालक ने घाटा लगने पर रविवार रात कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। वह मथुरा जनपद के मागौरा थानाक्षेत्र बचगांव गांव निवासी था। करीब एक वर्ष से कस्बे में ढाबा चला रहा था। मथुरा जनपद बचगांव निवासी महावीर (35) करीब एक साल से नेशनल हाईवे पर पेट्रोल पंप के निकट किराये की जमीन लेकर ढाबा चला रहा था।
उसके नौकर राजकुमार निवासी चंदपुरवा बुजुर्ग ने बताया कि रात करीब 12 बजे प्रतिदिन की तरह ग्राहकों को खाना आदि खाने के बाद शराब पीनी शुरू कर दी। शराब का नशा होने पर मालिक ने गाली गलौज शुरू कर दी और होटल में रखा सामान फेंकना शुरू कर दिया। नौकर ने बताया कि उसने किसी तरह से उसे शांत कराया और इसके बाद वह होटल के पीछे कमरे की ओर चला गया। नौकर ने बताया कि सामान आदि व्यवस्थित करने के बाद जब वह कमरे में गया तो दरवाजा अंदर से बंद था। खिड़की से झांक कर देखा तो मालिक फांसी पर झूल रहा था। इससे भयभीत होकर ढाबे में चला आया और वहां मौजूद लोगों को घटना के बारे में बताया। सभी लोग कमरे के पास पहुंचे तो उसे फांसी पर लटकते देखा। घटना की सूचना रात में ही यूपी 100 को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दरवाजा तोड़कर ढाबा मालिका को उतारा। तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। घटना की सूचना मृतक के परिजनों को मथुरा भेजी है। पूछताछ के लिए पुलिस ने नौकर को हिरासत में ले रखा है।