कुनेहटा विद्यालय की पोलिंग स्टेशन में बना कमल का पुष्प।
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विधानसभा के चौथे चरण के मतदान का समय निकट है। इसके बावजूद ज्यादातर परिषदीय स्कूलों में बने कमल के फूल को अभी तक नहीं पुतवाए गए हैं। जबकि आदर्श चुनाव आचार संहिता के तहत किसी भी मतदान स्थल व उसके आसपास पर किसी का चिन्ह नहीं होना चाहिए। स्कूलों में बच्चों को
राष्ट्रीय पुष्प कमल की पहचान के लिए बड़े आकार के स्कूलों में बनाए गए हैं। विधानसभा चुनाव की घोषणा के बाद जैसे ही आचार संहिता लगाई गई। तभी प्रशासन ने राजनीतिक दलों व प्रत्याशियों के बैनर, होर्डिंग्स, पोस्टर, वाल पेंटिंग हटाने का अभियान युद्ध स्तर पर शुरू किया था। लेकिन अभी भी दर्जनों
बेसिक विद्यालय के भवनों में कमल का फूल के चित्र बने हुए हेै। हालांकि इस संबंध में सभी विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया जा चुका है। 23 फरवरी को मतदान होना है और गांवों में अधिकांश पोलिंग सेंटर व बूथ इन विद्यालयों में ही बनाए गए हैं।