भरुआसुमेरपुर रेलवे स्टेशन में प्लेटफार्म नंबर दो के अंतिम छोर में एक अधेड़ महिला का शव मिलने से हड़कंप मच गया। महिला की शिनाख्त पुत्र ने करते हुए बताया कि वह मानसिक रूप से बीमार थीं और शनिवार शाम बहन की ससुराल से लौटने के बाद कस्बे से लापता हो गई थी। जिसकी देर रात तक तलाश की गई। लेकिन कुछ पता नहीं चल सका। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है।
कस्बे के गुरगुज थोक मोहल्ला निवासी नत्थू वर्मा अपनी पत्नी शिवकली (65) के साथ पुत्री की ससुराल से लौट रहे थे। बस स्टाप से दोनों घर के लिए पैदल चले। पीछे आ रही शिवकली रास्ते में अचानक लापता हो गई। जब काफी देर तक वह घर नहीं आई तो नत्थू ने पुत्र धनेश्वर के साथ देर रात तक कस्बे में तलाश की। लेकिन कुछ भी पता नहीं चला।
सुबह पांच बजे से दोनों फिर तलाश में जुट गए। इसी बीत सुबह छह बजे पता चला कि रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर दो के किनारे रेलवे ट्रैक में एक महिला का शव पड़ा है। सूचना पाकर पहुंचे पुत्र धनेश्वर ने शिनाख्त करते हुए बताया कि शव उसकी मां शिवकली का है। शव में किसी तरह के चोट के निशान नहीं है। इससे मामला संदिग्ध हो गया।
जीआरपी बांदा शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए बांदा ले गई। मृतका के पति नत्थू वर्मा ने बताया कि उसकी पत्नी मानसिक रूप से कमजोर थी। लेकिन हत्या अथवा आत्महत्या की बात उसकी समझ में नहीं आ रही है। उसने बताया कि उसने आत्महत्या नहीं की। किसी ने उसकी हत्या की है। मृतका के तीन पुत्र तथा एक पुत्री है। इस घटना से परिवार में कोहराम मच गया है।
कस्बे के रेलवे स्टेशन में जिस रेलवे ट्रैक के मध्य महिला का शव मिला। उस ट्रैक पर रात में कोई ट्रेन नहीं गुजरी। महिला के एक जोड़ी कपड़े प्लेटफार्म नंबर एक के शौचालय में पाए जाने पर मामला गंभीर हो गया है। बीती रात ड्यूटी पर तैनात सहायक स्टेशन मास्टर एके चंदोला ने बताया कि प्लेटफार्म नंबर दो में जिस रेलवे ट्रैक पर महिला का शव मिला। उस ट्रैक पर रात आठ बजे के बाद कोई ट्रेन सुबह शव मिलने तक नहीं गुजरी।
इससे यह तय है कि महिला ट्रेन से टकराकर नहीं मरी है। दूसरा यह कि उसके शरीर में किसी तरह के चोट के निशान भी नहीं मिले। वहीं प्लेटफार्म नंबर एक में बने शौचालय के अंदर महिला के एक जोड़ी कपड़े धोती, पेटीकोट, ब्लाउज बरामद हुए हैं। इससे मामला काफी संदिग्ध हो गया है। फिलहाल जीआरपी बांदा सभी बिंदुओं पर गहनता के साथ जांच कर रही है।