देर शाम गहरौली क्षेत्र आए तूफान के साथ बारिश होने से गांव की सैकड़ों
बीघे खेतों में कटी गेहूं की फसलें उड़ गईं। वहीं दूसरी ओर पेड़ गिरने से
बिजली के कई खंभे क्षतिग्रस्त हो गए।
शनिवार को शाम करीब 5:30 बजे
अचानक मौसम एक बार फिर बदल गया। तेज आंधी के साथ बारिश शुरू हो गई। तेज
आंधी के चलते गांव निवासी मनोज द्विवेदी की दस बीघे की गेहूं की फसल कटकर
ट्राली में लदी थी। जो तेज हवा में उड़ गई। वहीं मानसिंह यादव की गेहूं की
फसल बैलगाड़ी में लदी थी, वह तेज हवा के चलते कई उड़ गई।
इसी प्रकार
बालकदास विश्वकर्मा की 8 बीघे की फसल, नीलू द्विवेदी की 6 बीघे, अरविंद व
बब्बू राजपूत की 11-11 बीघे की गेहूं की खेत में कटी पड़ी फ सलें आंधी के
साथ उड़ गई। इस आंधी में गांव के बाहर बिजली के खंभे में एक पेड़ टूटकर गिर
गया। जिससे 6 खंभों की लाइन क्षतिग्रस्त हो गई।
इसके अलावा बस्ती के भीतर
श्रीप्रकाश पांडेय के मकान में लगा फाटक उखड़ गया। आंधी पानी से किसानों को
एक फिर गहरी चोट लगी है। किसानों का कहना है कि बीते दिनों हुई बारिश से
पहले ही फसलें चौपट हो चुकी है। बची खुची फसलें भी उनकी बर्बाद हो रही है।
आने वाले समय में उनके सामने गंभीर समस्या पैदा होगी।