अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर। एनएच विभाग को अतिक्रमण हटाने के दौरान भारी विरोध का सामना करना पड़ रहा है। कुछ लोग तो जेसीबी के आगे खड़े हो गए। आधा दर्जन से अधिक लोगों ने 3 से 4 मीटर तक सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा कर रखा है। जिन पर एनएच विभाग नरमी बरत रहा है। जबकि तीन दर्जन से अधिक आम परिवारों के अवैध कब्जों को पलभर में चकनाचूर कर दिया गया। लेकिन, जब बारी रइसों की आई तो एनएच विभाग उन पर मेहरबान हो गया। एनएच विभाग ने विरोध के बाद तंग सड़क पर ही सोलिंग बिछाने का कार्य शुरू कर दिया है। इसके चलते एनएच विभाग की कार्यप्रणाली पर लोगों ने सवाल उठाने शुरू कर दिए हैं।
पक्का भरो से हीरानगर नेशनल हाईवे पर अतिक्रमण हटाने के नाम पर एनएच विभाग खानापूर्ति कर रहा है। केंद्र से पक्का भरो-हीरानगर नेशनल हाईवे के विस्तारीकरण के लिए 1.25 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हुआ है। इस मार्ग को 12 मीटर तक चौड़ा किया जाना है। विभाग ने एनएच की जद में आने वाले पेड़ों और अतिक्रमण को हटाने की मुहिम शुरू कर दी है। लेकिन, यह मुहिम कुछ रइसों के आगे फेल हो गई। कई जगह पर एनएच विभाग ने स्टैंडर्ड नियमों से समझौता करते हुए लीपापोती का कार्य किया है।
उधर, एनएच विभाग हमीरपुर के जेई बलदेव राणा ने कहा कि पक्का भरो से हीरानगर एनएच पर अधिकांश अतिक्रमण को विभाग ने हटा दिया है। कुछेक लोग अपनी चारदीवारी और भवनों को नहीं गिराने दे रहे। उन्हें शीघ्र नोटिस भेजे जाएंगे। अगर फिर भी बात न बनी तो एनएच विभाग कोर्ट का दरवाजा खटखटाएगा।