राठ। एक वृद्ध को जलाने के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को जेल भेज दिया। इसको लेकर उनके परिजनों ने कोतवाली परिसर में जमकर हंगामा किया। परिजनों का आरोप था कि पुलिस ने फर्जी मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा है। कोतवाली में करीब एक घंटे तक हंगामा चलता रहा।
कोतवाली के मसगवां गांव निवासी रामस्वरूप (60) का तीन दिन पहले गांव के चेतराम, खेमचंद्र से जमीन को लेकर विवाद हो गया था।
रामस्वरूप की पत्नी शांति देवी ने आरोप लगाया था कि विवाद के दौरान उक्त ने उसके पति के ऊपर मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी थी। जिससे वह गंभीर रूप से झुलस गए थे। सीएचसी में उपचार के बाद चिकित्सकों ने उन्हें झांसी रेफर किया।
रविवार दोपहर पुलिस ने आरोपियों को जेल भेजा तो उनके परिजन कोतवाली पहुंच गए और परिसर में जमकर हंगामा किया। खेमचंद्र की पुत्री फूलवती ने बताया घटना के समय उसके पिता चेतराम राठ में थे और इंद्रपाल कानपुर गया था।
उसके परिजनों ने फर्जी मुकदमे में फंसाया गया है। कोतवाल पीके पांडेय ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
तीन दिन पहले एक वृद्ध को आग से जलाने के मामले में पुलिस ने कई कार्रवाई
अमर उजाला ब्यूरो