अमर उजाला ब्यूरो
हमीरपुर।
दीपावली को पटाखों की आग से जिला में तीन पशुशालाएं जल गईं। आग से मवेशियों को बचा लिया गया लेकिन पशुशाला में रखे घास और इमारती लकड़ी के जलने से करीब पांच लाख रुपये के नुकसान का अनुमान है। हलका पटवारियों ने मौके पर पहुंच नुकसान का आकलन तैयार कर लिया है। दिवाली की शाम करीब सवा छह बजे रिखी राम पुत्र संत राम निवासी जोलसप्पड़ की पशुशाला में पटाखा आ गिरा। पटाखा फटने से पशुशाला की ऊपरी मंजिल में आग लग गई। हालांकि ऊपरी मंजिल पर घास और इमारती लकड़ी थी जिससे अचानक आग फैल गई। रिखी राम के शोर मचाने पर लोगों ने मौके पर पहुंच मवेशियों को पशुशाला से बाहर निकाला लेकिन आग पर समय रहते काबू न पाने से करीब दो लाख का नुकसान हो गया। जिला मुख्यालय के वार्ड-8 में वेद प्रकाश पुत्र राम लाल की पशुशाला आग की भेंट चढ़ गई। इससे करीब 30 हजार रुपये के नुकसान का अनुमान है। दिवाली की अगली सुबह मट्टनसिद्ध से लगते पंजाहली गांव में मान सिंह पुत्र साधु राम की पशुशाला में भी पटाखे की आग भड़क गई। दोमंजिला पशुशाला में काफी मात्रा में घास और इमारती लकड़ी थी जो जल गई। इससे करीब डेढ़ से दो लाख रुपये के नुकसान का अनुमान है। वहीं आग की लपटों से पशुशाला के साथ लगते हरनाम सिंह के मकान की खिड़कियों के शीशे चटक गए। दमकल विभाग ने आग पर काबू पाया। आग की तीनों वारदातों में हल्का पटवारियों ने मौके पर पहुंच नुकसान का आकलन तैयार कर लिया है। दमकल विभाग के इंचार्ज राजेंद्र चौधरी का कहना है कि तीन आगजनी की घटनाओं पर काबू पा लिया गया है।