ट्रेनों में चेकिंग करती पुलिस।
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गोरखपुर से मुंबई जाने वाली ट्रेन में बम की सूचना से शनिवार को हड़कंप मच गया। कंट्रोल रूम में सूचना मिलते ही सुरक्षा एजेंसियां ट्रेनों की जांच शुरू कर दीं। कॉल करने वाले के नंबर पर दोबारा फोन किया गया तो उसका मोबाइल हैंडसेट स्विच ऑफ मिला। पुलिस कॉल करने वाले की तलाश में जुटी है। एसपी जीआरपी ने बताया कि जिस नंबर से कॉल की गई थी, उसके बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
शनिवार की दोपहर करीब 2:50 बजे पुलिस कंट्रोल रूम में एक अंजान व्यक्ति ने कॉल करके मुंबई जाने वाली एक ट्रेन में बम की सूचना दी। उसने ट्रेन के बारे में कोई जानकारी नहीं दी। पुलिस कंट्रोल रूम की सूचना पाते ही आला अफसर हरकत में आ गए और रेलवे स्टेशन पर जांच तेज कर दी। जीआरपी, आरपीएफ और पुलिस की अलग-अलग टीमें जंक्शन पर जम गईं। रेलवे परिसर से लेकर ट्रेन की बोगियों तक को खंगाला गया। मुंबई जाने वाली सभी ट्रेनों की चेकिंग की गई। दोपहर सवा तीन बजे से लेकर देर रात तक जांच चलती रही। डॉग स्क्वॉड और बम डिस्पोजल दस्ता को लेकर अधिकारी इस प्लेटफार्म से उस प्लेटफार्म पर टोह लेते रहे। एहतियातन गोरखधाम, कुशीनगर एक्सप्रेस और एलटीटीई की चेकिंग की गई। जीआरपी प्रभारी ने बताया कि रविवार की सुबह दादर, पनवेल और गोदान एक्सप्रेस की जांच कराई जाएगी।
पहले भी आ चुकी है कॉल
01 नवंबर 2017: गोरखपुर रेलवे व अन्य जगहों पर बम की धमकी मिली थी।
04 मार्च 2017: गोरखपुर जंक्शन को उड़ाने की धमकी मिली। बाद में इसे मॉक ड्रिल बताया गया।
23 जनवरी 2017: दोपहर 2: 30 मिनट पर रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी मिली। जांच में फर्जी पते पर लिए गए सिमकार्ड से सूचना की बात सामने आई थी।
22 अगस्त 2015: एनईआर के तत्कालीन जीएम के मोबाइल फोन पर एक बजकर 32 मिनट पर मैसेज के जरिए गोरखपुर, कप्तानगंज रेलवे स्टेशन पर बम धमाके की धमकी दी गई थी।