सपा नेता की पिटाई करने के मामले में इंस्पेक्टर समेत निलंबित किए गए पांच पुलिसकर्मियों का तबादला डीजीपी ने दूसरे जोन में कर दिया है। आदेश की कापी शुक्रवार की देर रात एसएसपी आफिस भेजी गई थी। पुलिसकर्मियों के गैर हाजिर होने पर आरआई से उनकी रवानगी कर जीडी की काफी भेजने को कहा गया है।
कैंट के दाउदपुर में 13 जून की जमीन के विवाद में कार्रवाई करने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई अभी थमी नहीं है। इंस्पेक्टर राजीव सिंह, दरोगा दिनेश तिवारी का तबादला कानुपर जोन, दरोगा मृत्युंजय सिंह का तबादला लखनऊ, नरेंद्र प्रताप राय का तबादला इलाहाबाद तथा सिपाही योगेश सिंह का तबादला फैजाबाद किया गया है। साथ ही एसएसपी को निर्देश दिया गया है कि पांचों चाहे जहां हों, तत्काल उन्हें नए तैनाती स्थल पर रवाना कर जीडी की नकल अपने पास मंगा लें और उसकी रिपोर्ट 24 घंटे के भीतर डीजीपी आफिस भेज दें।
भेदभाव पर उठे सवाल
थाने में सपा नेता की पिटाई में शामिल कुछ पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई नहीं हुई है। इसे लेकर महकमे में सवाल उठाए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि निलंबित हुए इंस्पेक्टर, दरोगा और सिपाही के अलावा भी कई लोग सपा नेता की पिटाई में शामिल थे लेकिन सत्ताधारी दल के नेताओं ने उन्हें अपने प्रभाव से बचा लिया। इस मामले में दर्ज हुई एफआईआर में भी तीन चौकी इंचार्ज, एक सिपाही के अलावा दो अज्ञात लोगों का जिक्र है, जिनकी पहचान न हो पाना कई सवाल खड़े कर रहा है।