व्हाट्स एप ग्रुप पर पोर्न वीडियो पोस्ट होने के बाद आरपीएफ में हड़कंप मच गया। सिपाहियों के कामकाज और ड्यूटी की निगरानी के लिए एक माह पहले ही ग्रुप बनाया गया था। घटना की जानकारी के बाद आनन-फानन में ग्रुप को डिलीट कर दिया गया। हालांकि जिम्मेदार ऐसी किसी घटना से ही इन्कार कर रहे हैं।
रेलमंत्री की पहल के बाद आरपीएफ की सूचना प्रणाली तेज करने के लिए सभी पोस्ट प्रभारी और अधिकारियों का ट्विटर पर अकाउंट खोलने के साथ ही व्हाट्स एप ग्रुप बनाया गया था। एक माह पहले गोरखपुर पोस्ट पर तैनात आरपीएफ के सिपाही, दरोगाओं का ग्रुप बना था। शनिवार की रात ग्रुप से जुडे़ एक सिपाही ने इसपर पोर्न वीडियो अपलोड कर दिया। सुबह मामले की जानकारी होने के बाद हड़कंप मच गया।
ग्रुप से जुड़ी महिला सिपाहियों के आपत्ति जताने पर मामले का पटाक्षेप करने का प्रयास शुरू हो गया। आनन-फानन में ग्रुप को डिलीट तो कर दिया गया, लेकिन आरपीएफ के डीजी आरआर वर्मा का गोरखपुर में कार्यक्रम होने से अफसरों के साथ ही पोस्ट पर तैनात आरपीएफ सिपाही और दरोगा इसे लेकर परेशान हैं। जिम्मेदार घटना को अफवाह बताने में लगे हैं। आरपीएफ पोस्ट प्रभारी केएन तिवारी ने ऐसा किसी वाकये से ही इन्कार कर दिया।
व्हाट्स एप ग्रुप पर वीडियो पोस्ट करने वाले सिपाही पर विभागीय कार्रवाई होगी। उसने गलती से वीडियो ग्रुप में पोस्ट होने की बात कहीं है। जिस ग्रुप पर वीडियो अपलोड हुआ है वह पोस्ट पर तैनात दरोगा और सिपाही का पर्सनल था।
- अनिरुद्ध चौधरी, सहायक सुरक्षा अधिकारी, आरपीएफ