किशारी को शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने का मामला प्रकाश में आया है। शादी के लिए दबाव बनाने पर युवक के साथ ही परिवार के लोग धमकी देने लगे। शुक्रवार को जान जागृति संस्था के सदस्य पीड़ित को लेकर डीआईजी के पास पहुंचे। उनके निर्देश पर तिवारीपुर पुलिस ने आरोपी के साथ ही उसके पिता खिलाफ केस दर्ज किया।
दुर्गाबाड़ी क्षेत्र की रहने वाली युवती ने बताया कि 2008 में उनकी जान-पहचान तिवारीपुरके डोमिनगढ़ में किराना की दुकान चलाने वाले दीपक से हुई। उस समय वह नाबालिग थी। शादी का झांसा देकर दीपक ने उनके साथ दुष्कर्म किया। कुछ दिन बाद दीपक ने अपने परिवार के लोगों से उसकी मुलाकात कराई तो वे लोग शादी के लिए राजी हो गए। इसके बाद से दीपक उससे अक्सर मिलने-जुलने लगा और संबंध बनाने लगा।
जुलाई 2015 में शादी के लिए दबाव बनाने पर वह आनाकानी करने लगा। शिकायत करने पर कोतवाली थाने में पंचायत हुई तो दीपक के साथ ही उसके घरवाले तैयार हो गए, लेकिन बाद में वे फिर मुकर गए। दीपक की शादी उसके पिता ने दूसरी जगह तय कर दी। दबाव देने पर पिता और पुत्र जान से मारने की धमकी लेने लगे।
पीड़ित युवती ने घटना की जानकारी जन जागृति संस्था की अध्यक्ष शिप्रा मैसी को दी। शुक्रवार को पीड़ित को लेकर संस्था की अध्यक्ष डीआईजी शिवसागर सिंह से मिलीं। डीआईजी के निर्देश पर तिवारीपुर पुलिस ने दीपक और उसके पिता पर दुष्कर्म और धमकी देने का केस दर्ज किया।