रामपुर गांव के लोगों ने शुक्रवार की दोपहर पुलिस आफिस के सामने प्रदर्शन किया। बुधवार को गांव में हुई मारपीट में शामिल अधिकारियों और सफाईकर्मियों पर मुकदमा दर्ज करने की मांग की। गांव के लोगों का आरोप था कि मनमानी तरीके से आंगनबाड़ी केंद्र का निर्माण करवा रहे अधिकारियों ने विरोध करने पर गांव के लोगों की पिटाई कर दी थी। प्रतिकार करने पर खोराबार थाने में फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया।
50 की संख्या में रामपुर गांव की महिलाएं और पुरुष शुक्रवार की दोपहर पुलिस आफिस पहुंची। बुधवार की दोपहर आंगनबाड़ी केंद्र के निर्माण को लेकर हुए विवाद में गांव के लोगों पर फर्जी तरीके से मुकदमा दर्ज करने का आरोप लगाते हुए एसओ के खिलाफ प्रदर्शन किया। गांव के लोगों का कहना था कि पुलिस ग्रामीण अभियंत्रण विभाग के इंजीनियर के प्रभाव में कार्रवाई कर रही है। पंचायत के दौरान अधिकारियों के साथ आए सफाई कर्मचारियों ने गलत तरीके से बनाए जा रहे आंगनबाड़ी केंद्र के निर्माण का विरोध कर रहे लोगों की पिटाई कर दी थी। प्रतिकार करने पर हमला कर गांव के पूर्व प्रधान अंबिका देवी के पति को घायल कर दिया। बवाल के बाद पहुंची पुलिस ने गांव वालों को ही मुल्जिम बना दिया।
जेल गए पूर्व प्रधान के पति
खोराबार पुलिस ने बुधवार को रामपुर गांव में इंजीनियर और सफाई कर्मचारी से हुई मारपीट की घटना में आरोपी बनाए गए पूर्व प्रधान के पति जितेंद्र को शुक्रवार दोपहर कोर्ट में पेश किया। सुनवाई के बाद जितेंद्र को जेल भेज दिया गया। पुलिस ने इस मामले में 20 अधिक लोगों पर हत्या का प्रयास, मारपीट, बलवा, सेवन सीएलए के तहत केस दर्ज किया था।