जिला जेल में बुधवार की रात बंदियों के दो गुट में मारपीट हो गई। यही नहीं, बंदी रक्षकों के साथ पहुंचे जेलर ने जब बीच-बचाव की कोशिश की तो एक गुट ने उन पर भी हमला कर दिया। हाथापाई में कई बंदीरक्षक घायल हो गए। घटना के बाद बल प्रयोग कर मारपीट करने वाले बंदियों को अलग-अलग बैरकों में शिफ्ट किया गया। हमला करने का आरोपी जेलर को धमकी देने वाले मऊ के बदमाश अरविंद सिंह का साथी है। पुलिस मुकदमा दर्ज कर छानबीन कर रही है।
बुधवार की रात 10:30 बजे बैरक नंबर दो में बंद पन्नेलाल यादव और संजय के बीच मारपीट हो गई। इसके बाद दोनों पक्ष के बंदी लामबंद हो गए। जानकारी के बाद जेलर राम कुबेर सिंह, डॉ. आरके सिंह, डिप्टी जेलर और बंदीरक्षकों के साथ मौके पर पहुंचे। मारपीट करने वाले बंदियों को जब हटाने का प्रयास किया गया तो वे अधिकारियों से उलझ गए। आरोप है कि बंदी पन्नेलाल यादव ने बंदीरक्षक का डंडा छीनकर जेलर डॉ. आरके सिंह पर हमला कर दिया। बीच-बचाव में कई बंदीरक्षक घायल हो गए। इस घटना के बाद जेलर ने बंदीरक्षकों के साथ पन्नेलाल यादव, उसके साथी सुरेमन, संजय यादव, परितोष, चंदन, उमाशंकर, बुंध, दीपक उर्फ गोलू, रज्जी यादव की पिटाई करने के साथ ही दूसरी बैरक में शिफ्ट कर दिया। जेलर ने हमला करने वाले बंदियों के खिलाफ शाहपुर थाने में तहरीर दी।
जेलर पर हमला करने वाले पन्नेलाल बैरक नंबर पांच में बंद मऊ के अरविंद सिंह का साथी है। दो दिन पहले अरविंद ने जेलर डॉ. आरके सिंह से बैरक बदलने को कहा था। बात न मानने पर उसने जेलर को जान से मारने की धमकी दी थी।
बंदियों ने रुपये के लिए पीटने का लगाया आरोप
गुरुवार को पेशी पर कचहरी आए पिपराइच, अराजी चंवरी के बंदी रज्जी यादव ने बताया कि खराब भोजन मिलने की शिकायत और रुपये न देने पर जेलर ने बंदी रक्षकों के साथ मिलकर पिटाई की। बैरक में आठ लोग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। जेल के अधिकारी इस मामले को दूसरा रूप देने की कोशिश कर रहे हैं।
बैरक नंबर दो में बुधवार की रात सोते समय बंदियों के दो गुट में विवाद की सूचना पर पहुंचे थे। इसी दौरान बंदी पन्नेलाल ने जेलर डॉ. आरके सिंह पर डंडे से हमला कर दिया। बल प्रयोग कर बंदियों को काबू में करने के साथ ही अलग-अलग बैरकों में शिफ्ट कर दिया गया। घटना की सूचना पुलिस को दे दी गई है।
- राम कुबेर सिंह, जेलर