घूस लेते पकड़ा गया सिंचाई विभाग का बाबू।
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एंटी करप्शन की टीम ने सिंचाई विभाग के बाबू को 1100 रुपये घूस लेते रंगे हाथ मंगलवार को गिरफ्तार किया। ओवरटाइम ड्यूटी पास करने के लिए वह कर्मचारियों से रुपये मांग रहा था। शिकायत पर पहुंची टीम ने रुपये लेते उसे गिरफ्तार कर गोखनाथ पुलिस के हवाले कर दिया। एंटी करप्शन के इंस्पेक्टर की तहरीर पर पुलिस ने बाबू के खिलाफ केस दर्ज किया है।
महराजगंज, चौक बाजार के मधुबनी निवासी ओमप्रकाश श्रीवास्तव सिंचाई विभाग में बाबू है। उसकी पोस्टिंग लच्छीपुर स्थिति विभाग के कार्यशाला खंड में है। दस नंबर बोरिंग के पास स्थित अपने दूसरे मकान मेें वह परिवार के साथ रहता है। आफिस में हेल्पर का काम करने वाले मजीबुल्लाह अंसारी ने मंगलवार की दोपहर एक बजे ओमप्रकाश को आफिस के बाहर चाय की दुकान पर बुलाया।
ओवरटाइम ड्यूटी पास करने के लिए छह प्रतिशत कमीशन के रूप में उन्होंने बाबू को 11 सौ रुपये दिए। ओमप्रकाश के रुपये लेकर रखते ही जूस की दुकान पर मौजूद एंटी करप्शन के इंस्पेक्टर सभाजीत त्रिपाठी ने सहयोगियों के साथ उसे गिरफ्तार कर लिया। टीम कब्जे से रुपये लेने के बाद उसे हिरासत में लेकर गोरखनाथ थाने पहुंची।
22 अप्रैल को की गई थी शिकायत
सिंचाई विभाग में हेल्पर के पद पर तैनात मजीबुल्लाह बालापार के रहने वाले हैं। वह सिंचाई कार्यशाला औद्योगिक श्रमिक संगठन संघ का महामंत्री भी हैं। 22 अप्रैल को एंटी करप्शन के आफिस में उन्होंने बाबू के रिश्वत मांगने की शिकायत अधिकारियों से की थी। सूचना मिलने के बाद पूरी योजना के तहत मंगलवार की दोपहर इंस्पेक्टर सभाजीत त्रिपाठी, एएसआई शैलेंद्र राय, मोहम्मद रफीक, चंद्रभान मिश्र और शेषनाथ सिंह के साथ वहां आफिस के बाहर लगी जूस की दुकान पर पहुंचे थे।